ePaper

साउथ कलकत्ता लॉ कॉलेज अनिश्चितकाल के लिए बंद

Updated at : 01 Jul 2025 1:43 AM (IST)
विज्ञापन
साउथ कलकत्ता लॉ कॉलेज अनिश्चितकाल के लिए बंद

साउथ कलकत्ता लॉ कॉलेज में हुए दुष्कर्म कांड के बाद कॉलेज को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है. कॉलेज प्रशासन ने इस संबंध में अधिसूचना जारी की है.

विज्ञापन

विद्यार्थी सुरक्षा को लेकर चिंतित, कॉलेज परिसर में किया प्रदर्शन

संवाददाता, कोलकाता

साउथ कलकत्ता लॉ कॉलेज में हुए दुष्कर्म कांड के बाद कॉलेज को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है. कॉलेज प्रशासन ने इस संबंध में अधिसूचना जारी की है. घटना से आहत वर्तमान और पूर्व छात्रों ने सोमवार को कॉलेज परिसर में सुरक्षा की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया. छात्र-छात्राओं की मांग है कि दुष्कर्म के आरोपियों को तत्काल सजा मिले और कॉलेज में सुरक्षा सुनिश्चित की जाये. विद्यार्थी कुलपति से मिलने के लिए कॉलेज परिसर में इकट्ठा हुए थे, लेकिन उनका कुलपति से संपर्क नहीं हो सका. इसके बाद उन्होंने कुलपति से मिलने के लिए एक प्रतिनिधिमंडल बनाया है. सोमवार सुबह से ही बारिश के बीच विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया था. कॉलेज के सामने बड़ी संख्या में पुलिस बल, जिसमें महिला पुलिसकर्मी भी शामिल थीं, तैनात किये गये थे. किसी को भी घटनास्थल यानी कॉलेज के यूनियन रूम और गार्ड रूम की तरफ जाने की इजाजत नहीं दी जा रही थी.

कसबा थाने से कॉलेज तक निकाला मार्च : सोमवार सुबह कोलकाता के 10 से 12 लॉ कॉलेजों के छात्र और पूर्व छात्र भी परिसर में जुटे. उन्होंने आरोपियों के लिए कड़ी सजा की मांग करते हुए हाथों में तख्तियां लेकर कसबा थाने से साउथ कलकत्ता लॉ कॉलेज तक मार्च निकाला. प्रदर्शनकारियों में कई पेशे से वकील हैं. उनका कहना था कि यदि भविष्य में आम आदमी के लिए कोर्ट में लड़ने वाले लॉ के छात्रों को ही कॉलेज में परेशान किया जा रहा है, तो सुरक्षा कहां है?

मुख्य आरोपी के खिलाफ व्यक्त किया गुस्सा, कॉलेज प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल

लॉ कॉलेज के छात्रों ने दुष्कर्म मामले के मुख्य आरोपी के खिलाफ अपना गुस्सा व्यक्त किया. उनका दावा है कि उसने पहले भी कई महिलाओं के साथ बदसलूकी की है और कॉलेज पिकनिक में लड़कियों के साथ अभद्र व्यवहार किया था. छात्रों का आरोप है कि आरोपी तृणमूल छात्र परिषद के सचिव पद का लालच देकर कई लड़कियों को अपने जाल में फंसाता था और इस मामले में भी उसने यही किया. कथित तौर पर पहले और दूसरे वर्ष की छात्राओं को निशाना बनाया गया. छात्रों का यह भी दावा है कि विभिन्न कारणों से उन्हें निर्धारित कक्षा समय के बाद भी कॉलेज में रुकना पड़ता है. ऐसे में कई छात्र असुरक्षा की भावना से ग्रसित हैं. आरोप है कि परिसर में पर्याप्त सीसीटीवी कैमरे नहीं हैं और सुरक्षा गार्ड की भूमिका भी संतोषजनक नहीं है. छात्रों के एक वर्ग का दावा है कि कॉलेज प्रशासन शुरू से ही इस मुद्दे पर उदासीन रहा है.

छात्र-छात्राओं की प्रतिक्रिया

प्रदर्शनकारियों ने परिसर में मौजूद पत्रकारों से भी बातचीत की. छात्रा देबद्युति सेनगुप्ता ने कहा : हम सभी प्रथम वर्ष से पांचवें वर्ष तक यहां एकत्र हुए हैं. हम कॉलेज में असुरक्षा की भावना से ग्रसित हैं. हम कुलपति को ज्ञापन देना चाहते हैं, लेकिन कुलपति ने सूचित किया है कि वह नहीं आ पायेंगे. इसी कॉलेज की एक चौथे वर्ष की छात्रा जोया आलम ने कहा : हमारे कॉलेज का सुरक्षा गार्ड किसी का पहचान पत्र चेक नहीं करता. कॉलेज में लंबे समय से कोई सेमिनार नहीं हुआ है. एक अन्य छात्रा ने कहा कि हम चाहते हैं कि इस कॉलेज की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हो, ताकि पढ़ाई ठीक से जारी रहे. क्योंकि कॉलेज पढ़ाई का स्थान है और हम यही करने आये हैं.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
SUBODH KUMAR SINGH

लेखक के बारे में

By SUBODH KUMAR SINGH

SUBODH KUMAR SINGH is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola