ePaper

ग्रामीण सड़कों पर बड़े वाहनों के चलने की इजाजत नहीं

Updated at : 10 Dec 2024 1:39 AM (IST)
विज्ञापन
ग्रामीण सड़कों पर बड़े वाहनों के चलने की इजाजत नहीं

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि अब से ग्रामीण सड़कों पर बड़े वाहनों के आवागमन को रोकना होगा.

विज्ञापन

कोलकाता. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को समीक्षा बैठक के दौरान ग्रामीण सड़कों की बदहाल अवस्था को लेकर नाराजगी व्यक्त की. बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि अब से ग्रामीण सड़कों पर बड़े वाहनों के आवागमन को रोकना होगा. अगर भविष्य में ऐसा हुआ तो पुलिस अधिकारियों के मासिक वेतन से रुपये काट लिये जायेंगे. मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि अवैध गतिविधि होने पर उस विभाग के प्रमुख से लेकर हेड क्लर्क तक किसी को बख्शा नहीं जायेगा. गौरतलब है कि पथश्री परियोजना के तहत राज्य सरकार ने 10,000 किलोमीटर ग्रामीण सड़कों का निर्माण किया है. मुख्यमंत्री बार-बार कह चुकी हैं कि केंद्र ने अब तक पैसा नहीं दिया है. सड़क का निर्माण राज्य की अपनी निधि से किया जा रहा है. इसके बाद भी राज्य के अलग-अलग हिस्सों से सड़क की खराब हालत को लेकर शिकायतें आ रही हैं. बैठक में ममता बनर्जी ने मंत्रियों, सचिवों, जिलाधिकारियों को इसे रोकने के लिए सख्त निर्देश दिया. आरोप है कि बड़े वाहन ग्रामीण सड़कों पर प्रवेश कर रहे हैं, जिसकी वजह से सड़कें टूट रही हैं. उन्होंने कहा कि यह घटना निचले स्तर के कुछ पुलिसकर्मियों की मदद से हो रही है, ऐसा आरोप है. मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण सड़कों पर बड़े वाहन नहीं चलेंगे. केवल उर्वरक, मछली और दूध के वाहनों को छूट रहेगी. इसके बाद भी यदि कोई भारी वाहन ग्रामीण सड़कों पर चलते हैं तो पुलिस के वेतन से रुपये कटेगा. किसी भी नेता की गाड़ी को बख्शा नहीं जायेगा. मुख्यमंत्री की आगे की टिप्पणी सिर्फ बड़े वाहनों के लिए ही नहीं, बल्कि कई मामलों में पानी की पाइप लगाने के दौरान सड़कें तोड़ी जा रही हैं और दूरसंचार विभाग के कार्य के दौरान भी सड़कें तोड़ी जा रही हैं, लेकिन बाद में सड़कों की मरम्मत नहीं की जा रही. मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर किसी विभाग के काम की वजह से सड़क टूटी है, तो उसकी मरम्मत कराने की जिम्मेदारी संबंधित विभाग की है. लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं हो रहा है. मुख्यमंत्री के मुताबिक दोनों विभागों के बीच कोई समन्वय नहीं है, जिसकी वजह से ऐसा हो रहा है. मुख्यमंत्री ने इसे जल्द से जल्द दूर करने का निर्देश दिया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola