जामुड़िया.
जामुड़िया औद्योगिक क्षेत्र स्थित राजश्री कारखाने में बुधवार रात एक दर्दनाक हादसा हो गया, जिसमें एक श्रमिक की जान चली गई.मृतक की पहचान खास केंदा निवासी अजीत नोनिया (35 वर्ष) के रूप में हुई है. इस घटना के बाद उपजे तनाव को प्रबंधन और श्रमिक संगठनों के बीच हुई वार्ता के बाद सुलझा लिया गया है.काम के दौरान हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बुधवार रात अजीत नोनिया कारखाने में अपनी ड्यूटी पर तैनात थे. इसी दौरान वह अचानक एक डंपर की चपेट में आ गए. हादसा इतना भीषण था कि मौके पर ही उनकी मृत्यु हो गई. घटना के बाद कारखाने में अफरा-तफरी मच गई और पुलिस को सूचना दी गई. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए आसनसोल जिला अस्पताल भेज दिया.
मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन
गुरुवार सुबह जैसे ही हादसे की खबर फैली, श्रमिक संगठनों से जुड़े लोग और स्थानीय निवासी कारखाने के गेट पर एकत्रित हो गए. परिजनों के भविष्य और सुरक्षा को लेकर प्रदर्शनकारियों ने उचित मुआवजे की मांग उठाई. स्थिति को देखते हुए पुलिस प्रशासन और कारखाना प्रबंधन सक्रिय हुआ.
वार्ता में बनी सहमति
मुआवजे को लेकर आसनसोल जिला अस्पताल परिसर में कारखाना प्रबंधन, मृतक के परिजनों और श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक हुई. काफी चर्चा के बाद प्रबंधन ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए मुआवजे की राशि पर सहमति जताई. कुल मुआवजा के रूप में मृतक के परिवार को 13 लाख 50 हजार रुपये बतौर मुआवजा दिए जाएंगे. दाह-संस्कार के खर्च के लिए 25 हजार रुपये की नकद राशि तत्काल प्रदान की गयी. मुआवजे पर निर्णय होने के बाद परिजनों और श्रमिक संगठनों ने विरोध समाप्त कर दिया. इस घटना ने एक बार फिर औद्योगिक क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं, हालांकि त्वरित समझौते से मृतक के परिवार को आर्थिक संबल मिलने की उम्मीद है.
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