Kanpur: कानपुर हिंसा में उपद्रवियों के बाद पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज, दो थानेदार सस्पेंड, एक लाइन हाजिर
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 02 Jul 2022 7:50 AM
Kanpur violence: कानपुर में 3 जून को हुए हिंसक प्रदर्शन में उपद्रवियों के बाद अब पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई का सिलसिला शुरू हो चुका है. इस क्रम में पुलिस कमिश्नर विजय सिंह मीणा ने तीन थानेदारों के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है.
Kanpur News: कानपुर में 3 जून को बीजेपी (BJP) की पूर्व प्रवक्ता नूपुर शर्मा के विवादित बयान के विरोध में हिंसक प्रदर्शन हुआ. घटना के बाद से उपद्रवियों पर लगातार कार्रवाई का सिलसिला जारी है. हिंसा का मुख्य आरोपी जफर हयात हाशमी भी गिरफ्तार किया जा चुका है. उपद्रवियों से निपटने के बाद कार्रवाई की गाज अब पुलिसकर्मियों पर गिरना शुरू हो गई है. इस क्रम में पुलिस कमिश्नर विजय सिंह मीणा ने तीन थानेदारों के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है.
रिपोर्ट्स के मुताबाकि, हिंसा के इलाके में आने वाले बेगमगंज के थानेदार नवाब अहमद और बजरिया के थानेदार संतोष सिंह को सस्पेंड कर दिया गया है, जबकि, चमनगंज के इंस्पेक्टर जैनेंद्र सिंह को लाइन हाजिर कर दिया है. बता दें कि चमनगंज में ही हिंसा के मुख्य आरोपी जफर हयात का घर है. यहीं से हिंसा के लिए साजिश की गई थी. कानपुर हिंसा में अब तक 59 उपद्रवियों की गिरफ्तारी हो चुकी है.
इधर, पुलिस ने कानपुर हिंसा मामले में 26 जून को बेकनगंज के रहने वाले अजीम उर्फ शुक्ला को गिरफ्तार किया. अजीम पर आरोप है कि इसने ही सफेद रुमाल दिखाकर भीड़ को चन्द्रेश्वर हाते की तरफ बुलाया था. अजीम की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उससे पूछताछ की. उसकी कलाई में कलावा भी बंधा था, जिसे लेकर उससे सवाल किए गए.
हिंसा के आरोपी अजीम के साथ शुक्ला उपनाम लगाने के बारे में आरोपित ने पुलिस को बताया कि वह एक वकील के यहां मुंशी है. वकील का उपनाम शुक्ला है. लिहाजा उसका उपनाम भी शुक्ला पड़ गया. कलावा बांधने से जुड़े सवाल का आरोपित ने जवाब नहीं दिया. जांच में पता चला है कि वह लोगों को भ्रमित करने के लिए कलावा पहनता था. दरअसल, 3 जून को हुई हिंसा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. वायरल वीडियो और फोटो में अजीम सफेद रुमाल दिखाकर भीड़ को चन्द्रेश्वर हाते की तरफ बुलाते दिखता है. पूछताछ में अजीम ने सफेद रुमाल दिखाने पर बताया कि पथराव के बीच कई राहगीरों की गाड़ियां फंस गई थीं. उन्हीं को निकालने को उसने सफेद रुमाल दिखाया था.
हिंसा के मुख्य विवेचक एसीपी कर्नलगंज त्रिपुरारी पाण्डेय के मुताबिक अजीम को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है. उसके साथ अन्य आरोपितों की तलाश की जा रही है. बिल्डर मोहम्मद वसी का नाम इससे पहले गिरफ्तार किए गए आरोपितों से भी पूछताछ में सामने आया है. वह भी फंड देने में शामिल था. अजीम को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया है .अन्य जानकारी के लिए पुलिस उसे रिमांड में लेने की तैयारी कर रही है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










