ePaper

Bhubaneswar News: सिंगापुर के राष्ट्रपति पत्नी के साथ पुरी के शिल्पग्राम पहुंचे, पट्टचित्र कला की बारीकियां जानी

Updated at : 19 Jan 2025 12:15 AM (IST)
विज्ञापन
Bhubaneswar News: सिंगापुर के राष्ट्रपति पत्नी के साथ पुरी के शिल्पग्राम पहुंचे, पट्टचित्र कला की बारीकियां जानी

Bhubaneswar News: सिंगापुर के राष्ट्रपति थर्मन षणमुगरत्नम ने शनिवार को पुरी जिले के रघुराजपुर गांव और कोणार्क के सूर्य मंदिर का दौरा किया.

विज्ञापन

Bhubaneswar News: सिंगापुर के राष्ट्रपति थर्मन षणमुगरत्नम ने शनिवार को ओडिशा के पुरी जिले में शिल्पग्राम के रूप में मशहूर रघुराजपुर और कोणार्क के सूर्य मंदिर का दौरा किया. षणमुगरत्नम अपनी पत्नी के साथ रघुराजपुर गांव में एक घंटे से अधिक समय तक रहे और दो पट्टचित्र पेंटिंग खरीदीं, जिनमें से एक रामायण और दूसरी भगवान गणेश पर आधारित थी. उन्होंने शिल्पकारों से बातचीत की, पेंटिंग देखीं और अनूठी पट्टचित्र कला बनाने की बारीकियां जानीं. रघुराजपुर शिल्पकार समिति के सदस्य एवं शिल्पकार प्रशांत कुमार ने कहा कि सिंगापुर के राष्ट्रपति ने पट्टचित्र कला के इतिहास और उत्पत्ति के बारे में जाना और यह भी जाना कि हम इस तरह की कलाकृति कैसे बनाते हैं.

पट्टचित्र, ताड़ के पत्तों पर नक्काशी के लिए मशहूर है रघुराजपुर

ओडिशा के पुरी जिले में रघुराजपुर अपने पट्टचित्र, ताड़ के पत्तों पर नक्काशी और अन्य प्रकार के पारंपरिक शिल्प के लिए दुनियाभर में जाना जाता है. गांव का हर घर ओडिशा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की एक दीर्घा जैसा है. रघुराजपुर गांव के कलाकार आयुष महापात्रा ने पुरी जगन्नाथ मंदिर की पृष्ठभूमि में षणमुगरत्नम और उनकी पत्नी की एक पेंटिंग भेंट की. महापात्रा ने कहा कि मुझे इस बात की खुशी है कि राष्ट्रपति ने मुझसे पेंटिंग ली.

कोणार्क मंदिर में मूर्तियों के आकार से हुए अवगत, जतायी खुशी

सिंगापुर के राष्ट्रपति षणमुगरत्नम बाद में कोणार्क में 13वीं सदी के सूर्य मंदिर पहुंचे, जहां राज्य सरकार और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआइ) के अधिकारियों ने उनका स्वागत किया. एक अधिकारी ने कहा कि सिंगापुर के राष्ट्रपति की यात्रा के मद्देनजर, अन्य पर्यटकों को अपराह्न 12 बजे तक मंदिर में जाने की अनुमति नहीं दी गयी. षणमुगरत्नम की यात्रा के लिए पूरे जिले में सुरक्षा कड़ी कर दी गयी है. कोणार्क की यात्रा के दौरान सिंगापुर के राष्ट्रपति को हर चीज समझाने वाले गाइड आभास मोहंती ने कहा कि हमने उन्हें दुनिया की विभिन्न सभ्यताओं में लोगों की जीवनशैली और मंदिर में पत्थर के काम में वर्णित मानवीय भावनाओं के बारे में बताया. हमने उन्हें कोणार्क मंदिर में पत्थर की मूर्तियों के आकार से भी अवगत कराया. वे वास्तव में बहुत खुश हुए.

कलाभूमि में ओडिशा की कला, हस्तशिल्प और हथकरघा को देखा

सिंगापुर के राष्ट्रपति ने शुक्रवार रात कलाभूमि में दीर्घाओं का दौरा किया और ओडिशा की कला, हस्तशिल्प और हथकरघा को देखा. उन्होंने जगन्नाथ दीर्घा में भी समय बिताया और राज्य की आध्यात्मिक चेतना और परंपराओं की सराहना की. इस अवसर पर ओडिशा के राज्यपाल हरि बाबू कंभमपति, मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान मौजूद थे. षणमुगरत्नम की पत्नी ने भी कलाभूमि से एक साड़ी खरीदी और यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआइ) के माध्यम से भुगतान किया. राष्ट्रपति और उनकी पत्नी को ओडिशा का पारंपरिक भोजन परोसा गया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola