झरिया में 5940 करोड़ रुपए से होगा 1.4 लाख से अधिक परिवारों का पुनर्वास, योजना तैयार

स्थानीय लोगों से बात करतीं झारखंड की मुख्य सचिव अलका तिवारी.
Jharia Rehabilitation Project: झरिया में कोयला खदानों में लगी आग और धंसान वाले इलाकों के विस्थापितों के पुनर्वास में तेजी लाने की कोशिश सरकार ने कर दी है. मुख्य सचिव अलका तिवारी ने बेलगड़िया टाउनशिप का दौरा किया. उन्होंने अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिये. स्थानीय लोगों और छात्रों से भी बातचीत की.
Jharia Rehabilitation Project: झारखंड की मुख्य सचिव अलका तिवारी धनबाद जिले के बेलगड़िया टाउनशिप का दौरा किया. उन्होंने झरिया कोयला खदान आग पीड़ितों की स्थिति का जायजा लिया और लोगों को विश्वास दिलाया कि जल्द से जल्द उनका पुनर्वास कराया जायेगा. सरकार योजना पर काम कर रही है और योजना को जल्द से जल्द पूरा किया जायेगा. करीब 1.4 लाख परिवारों के पुनर्वास के लिए केंद्र सरकार ने 5940 करोड़ रुपए आवंटित किये हैं. संशोधित झरिया मास्टर प्लान-2 के तहत केंद्र सरकार ने लोगों के सुरक्षित पुनर्वास के लिए ये पैसे आवंटित किये हैं.
झरिया आग के पीड़ितों के पुनर्वास का लिया जायजा
झरिया में जमीन के नीचे लगी आग और उसके बाद के हालात का जायजा लेने के लिए मुख्य सचिव धनबाद गयीं थीं. उन्होंने आग से विस्थापित हु परिवारों के लिए बनी टाउनशिप बेलगड़िया का दौरा किया. उन्होंने वहां चल रहे पुनर्वास के प्रयासों और लोगों के लिए उपलब्ध सुविधाओं का आकलन किया.
मुख्य सचिव ने स्थानीय लोगों और छात्रों से बात की
मुख्य सचिव अलका तिवारी ने इस दौरान वहां रहने वाले लोगों और छात्रों से बातचीत की. अधिकारियों से कहा कि परिवहन संपर्क व्यवस्था में सुधार लायें और टाउनशिप में बुनियादी सुविधाओं की व्यवस्था जल्द से जल्द करें.

Jharia Rehabilitation Project: झरिया मास्टर प्लान का उद्देश्य बताया
अलका तिवारी ने कहा कि संशोधित झरिया मास्टर प्लान का मुख्य उद्देश्य झरिया में भूमिगत आग और भू-धंसाव से प्रभावित निवासियों का सुरक्षित स्थानों पर पुनर्वास करना है. सरकार का लक्ष्य बेलगड़िया टाउनशिप के निवासियों को अनुकूल वातावरण प्रदान करना और उनके कौशल विकास के माध्यम से उन्हें रोजगार से जोड़ना है.
झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
1.4 लाख से अधिक परिवारों को करना है स्थानांतरित
झरिया की खदान में लगी आग को लेकर वर्ष 2019 में ऐक सर्वे किया गया था. इस सर्वेक्षण के अनुसार, आग और भूमि धंसान वाले इलाकों में रहने वाले 1.4 लाख से अधिक परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने की आवश्यकता है.

झरिया मास्टर प्लान के तहत बनी है बेलगड़िया टाउनशिप
बेलगड़िया टाउनशिप का निर्माण झरिया मास्टर प्लान के प्रथम चरण के अंतर्गत किया गया था. बड़ी संख्या में विस्थापित हैं, जो यह कहकर वहां जाने से इनकार कर रहे हैं कि टाउनशिप में पर्याप्त सुविधा का अभाव है. संशोधित झरिया मास्टर प्लान-2 के तहत केंद्र सरकार ने हाल ही में लोगों के सुरक्षित पुनर्वास के लिए 5,940 करोड़ रुपए आवंटित किये हैं.
इसे भी पढ़ें
भारी बारिश के बाद क्या करें झारखंड के किसान, कृषि विभाग ने तैयार किया वैकल्पिक प्लान
Jharkhand Weather: 20 जुलाई को झारखंड में गरज के साथ बारिश और वज्रपात का येलो अलर्ट
प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी
लेखक के बारे में
By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




