ePaper

पशुपालन घोटाला के सबसे बड़े केस में फैसला कल, लालू यादव पहुंचे रांची, भाषा विवाद पर कही ये बात

Updated at : 14 Feb 2022 7:03 AM (IST)
विज्ञापन
पशुपालन घोटाला के सबसे बड़े केस में फैसला कल, लालू यादव पहुंचे रांची, भाषा विवाद पर कही ये बात

लालू यादव पशुपालन घोटाले मामले की सुनवाई के लिए रांची पहुंच चुके हैं. अदालत ने लालू समेत तमाम आरोपियों को कोर्ट में उपस्थित रहने का आदेश दिया है. बहस की तारीख 15 फरवरी तय की गयी है.

विज्ञापन

रांची : सीबीआइ के विशेष न्यायाधीश एसके शशि की अदालत ने पशुपालन घोटाले के सबसे बड़े मामले आरसी-47ए/96 में आरोपियों की ओर से बहस पूरी होने के बाद फैसला के लिए 15 फरवरी की तिथि निर्धारित की है. विशेष अदालत ने इस दिन बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री व राजद प्रमुख लालू प्रसाद सहित सभी आरोपियों को अदालत में उपस्थित रहने का निर्देश दिया है.

इसी सिलसिले में रविवार को राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद पार्टी नेताओं के साथ रांची पहुंचे. बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने इनका स्वागत किया. एयरपोर्ट पर मीडियाकर्मियों के सवाल पर नो कमेंट्स कह कर लालू प्रसाद सीधे राजकीय अतिथिशाला पहुंचे. इसके बाद वह अपने कमरे में चले गये. शाम में लगभग डेढ़ घंटे के लिए वह नीचे आये और पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात की.

उनके साथ फोटो भी खिंचवाया. इस दौरान मीडिया कर्मियों ने उनसे भाषा विवाद पर सवाल किया. बताया गया कि भोजपुरी भाषा का विरोध हो रहा है. इस पर उन्होंने पूछा कि कौन विरोध कर रहा है. यह बताने पर कि झामुमो के मंत्री विरोध कर रहे हैं, तो लालू ने कहा- अच्छा देखते हैं.

99 आरोपियों पर होना है फैसला :

लालू प्रसाद से जुड़े चारा घोटाले के बहुचर्चित पांच मामलों में से पांचवें व अंतिम मामले में विशेष अदालत 99 आरोपियों के बारे में फैसला सुनायेगी. इस मामले में फैसले के दिन सभी 99 आरोपियों को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रहने काे कहा गया है. मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन की ओर से 575 गवाहों की गवाही दर्ज करायी गयी है. बचाव पक्ष की ओर से 25 गवाह पेश किये गये है.

रांची पहुंचे राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद राजकीय अतिथिशाला में ठहरे हैं. यहां कार्यकर्ताओं से उन्होंने मुलाकात की.पूछा-कौन कर रहा है भोजपुरी भाषा का विरोध

डोरंडा कोषागार से हुई थी 139.35 करोड़ की निकासी

डोरंडा कोषागार से 139.35 करोड़ की अवैध निकासी हुई थी. मामले की शुरुआत में 170 आरोपी थे. इसमें से 55 आरोपियों की मौत हो गयी. दीपेश चांडक और आरके दास समेत सात आरोपियों को सीबीआइ ने गवाह बनाया. सुशील झा और पीके जायसवाल ने निर्णय पूर्व दोष स्वीकार किया. मामले में छह नामजद आरोपी फरार हैं. मामले में पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद, पूर्व सांसद जगदीश शर्मा, डॉ आरके राणा, पीएसी के तत्कालीन अध्यक्ष ध्रुव भगत, तत्कालीन पशुपालन सचिव बेक जूलियस, पशुपालन विभाग के सहायक निदेशक डॉ केएम प्रसाद सहित 99 आरोपियों के बारे में अदालत 15 फरवरी को फैसला सुनायेगी.

मामले में 2005 में हुआ था चार्ज फ्रेम :

सीबीआइ की विशेष अदालत ने पशुपालन घोटाले की आरसी-47ए/96 में 26 सितंबर 2005 को चार्ज फ्रेम किया था. वर्ष 2001 में सीबीआइ की ओर से चार्जशीट दाखिल की गयी थी.

Posted By: Sameer Oraon

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola