लोहरदगा में पेट्रोल-डीजल की किल्लत से लोग परेशान, अधिकांश पंपों पर “तेल नहीं है” का बोर्ड

Updated:
विज्ञापन
लोहरदगा में पेट्रोल-डीजल की किल्लत से लोग परेशान, अधिकांश पंपों पर “तेल नहीं है” का बोर्ड

लोहरदगा ज़िले में इन दिनों पेट्रोल और डीज़ल की किल्लत ने आम लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं

विज्ञापन

लोहरदगा. लोहरदगा ज़िले में इन दिनों पेट्रोल और डीज़ल की किल्लत ने आम लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. कई पेट्रोल पंपों पर राशनिंग की जा रही है और पर्याप्त ईंधन न मिलने से वाहन चालकों, किसानों, व्यापारियों और दैनिक कामकाज करने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. सुबह से ही पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें देखी जा रही हैं. जहां थोड़ी मात्रा में पेट्रोल या डीज़ल उपलब्ध है, वहां लोग घंटों इंतज़ार कर रहे हैं. इस अचानक उत्पन्न हुई स्थिति से लोगों में नाराज़गी भी बढ़ रही है.

डीज़ल की कमी का असर

डीज़ल की कमी का असर मालवाहक वाहनों और कृषि कार्यों पर साफ़ दिख रहा है. किसानों का कहना है कि सिंचाई और अन्य कृषि कार्य प्रभावित हो रहे हैं. उद्योगों में भी डीज़ल की कमी का असर दिखाई दे रहा है. वहीं छोटे व्यवसायियों और यात्री वाहन चालकों की आमदनी पर भी सीधा असर पड़ रहा है. शहर के कई वाहन चालकों ने बताया कि ज़रूरी काम से निकलने के बावजूद उन्हें घंटों तक पेट्रोल नहीं मिल पा रहा है. लोगों का कहना है कि अगर जल्द आपूर्ति सामान्य नहीं हुई तो आने वाले दिनों में समस्या और गंभीर हो सकती है.

लोहरदगा ज़िले में पेट्रोल पंपों की संख्या

इंडियन ऑयल: 11

भारत पेट्रोलियम: 11

हिंदुस्तान पेट्रोलियम: 5

रिलायंस जियो: 1

कुल: 28 पेट्रोल पंप

कंपनियों द्वारा राशनिंग की जा रही है

पेट्रोल पंप संचालक संजय बर्म्मन का कहना है कि ज़िले में तेल उपलब्ध है, लेकिन कंपनियों द्वारा राशनिंग की जा रही है. मांग के अनुरूप आपूर्ति नहीं होने से कुछ पंप बंद करने पड़ते हैं. उन्होंने बताया कि अमेरिका-ईरान युद्ध के कारण स्ट्रेट ऑफ़ हार्मोज़ बंद होने से वैश्विक ऊर्जा संकट पैदा हुआ है. क्रूड ऑयल की कीमत 70 डॉलर प्रति बैरल से बढ़कर 110 डॉलर तक पहुँच गई है. भारत में तेल कंपनियाँ अभी भी ₹20–₹30 प्रति लीटर का घाटा झेल रही हैं. संजय बर्म्मन ने यह भी कहा कि मौजूदा युद्ध की स्थिति को देखते हुए हमें राष्ट्रहित में तेल और गैस के उपयोग में कटौती करनी चाहिए. प्रशासन की ओर से फिलहाल कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है, लेकिन लोग जल्द समाधान की मांग कर रहे हैं. यदि आपूर्ति जल्द सामान्य नहीं हुई तो यह संकट और गहरा सकता है. लोहरदगा में ईंधन संकट स्थानीय जीवन और अर्थव्यवस्था पर गहरा असर डाल रहा है.

विज्ञापन
Vikash Nath

लेखक के बारे में

By Vikash Nath

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola