महारास लीला व रुक्मिणी विवाह प्रसंग का किया गया वर्णन

Updated at : 08 Apr 2024 11:59 PM (IST)
विज्ञापन
महारास लीला व रुक्मिणी विवाह प्रसंग का किया गया वर्णन

गेड़िया कालिंजर मंदिर प्रांगण में चल रहे सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन महारास लीला एवं रुक्मिणी विवाह प्रसंग का वर्णन किया.

विज्ञापन

बिंदापाथर. गेड़िया कालिंजर मंदिर प्रांगण में चल रहे सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन महारास लीला एवं रुक्मिणी विवाह प्रसंग का वर्णन किया. कथावाचिका जया मिश्रा ने कहा गोपियों ने भगवान श्रीकृष्ण से उन्हें पति रूप में पाने की इच्छा प्रकट की. भगवान ने गोपियों की इस कामना को पूरी करने का वचन दिया. इसके लिए उन्होंने रास का आयोजन किया. माना जाता है कि वृंदावन स्थित निधिवन ही वह स्थान है, जहां श्रीकृष्ण ने महारास रचाया था. यहां भगवान ने एक अद्भुत लीला दिखायी. जितनी गोपियां थीं, उतने ही श्रीकृष्ण के प्रतिरूप प्रकट हो गये. सभी गोपियों को उनका कृष्ण मिल गया और दिव्य नृत्य एवं प्रेमानंद शुरू हुआ. श्रीकृष्ण ने अपने हजारों रूप धारण कर वहां उपस्थित सभी गोपियों के साथ महारास रचाया, लेकिन एक क्षण के लिए भी उनके मन में वासना का प्रवेश नहीं हुआ. कथावाचिक ने रुक्मिणी विवाह का वर्णन किया. कथा के दौरान भजन संगीत भी प्रस्तुत किया गया, जिससे श्रोता-भक्त भावविभोर होकर कथा स्थल पर भक्ति से झूम उठे.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola