शिक्षक नियुक्ति में ''हो'' समाज को भी प्राथमिकता मिले
Updated at : 28 Jun 2024 9:45 PM (IST)
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झारखंड सरकार द्वारा सरकारी स्कूलों में जनजाति एवं क्षेत्रीय भाषा के शिक्षकों की नियुक्ति की घोषणा की गयी है. लेकिन पूर्वी सिंहभूम में शिक्षक नियुक्ति में 'हो' भाषा को शामिल नहीं किया गया है. इसको लेकर आदिवासी हो समाज में आक्रोश है.
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जमशेदपुर :
झारखंड सरकार द्वारा सरकारी स्कूलों में जनजाति एवं क्षेत्रीय भाषा के शिक्षकों की नियुक्ति की घोषणा की गयी है. लेकिन पूर्वी सिंहभूम में शिक्षक नियुक्ति में ”हो” भाषा को शामिल नहीं किया गया है. इसको लेकर आदिवासी हो समाज में आक्रोश है. शुक्रवार को आदिवासी हो समाज के एक प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त को एक मांग पत्र सौंपा है. सौंपे गये ज्ञापन में कहा है कि पूर्वी सिंहभूम जिले में ”हो” भाषा-भाषी लोगों की बड़ी संख्या है. बावजूद इसके शिक्षक नियुक्ति में ”हो” भाषा शिक्षक के लिए पद सृजित नहीं करना समझ से परे है. उन्होंने अविलंब ”हो” भाषा शिक्षक के लिए पद सृजित करने की मांग की है. प्रतिनिधिमंडल में काशराय कुदादा, कैलाश बिरूआ, बबलू भूमिज समेत अन्य मौजूद थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
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By Prabhat Khabar News Desk
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