24 सरकारी स्कूलों में नहीं है पेयजल की व्यवस्था, आठवीं के सिर्फ 41.84% बच्चे ही क्लास के स्तर का गणित समझते हैं
Author Prabhat khabar digital desk
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जमशेदपुर : जिले में 24 ऐसे सरकारी स्कूल हैं, जहां छात्र-छात्राअों के लिए पीने के पानी की व्यवस्था नहीं है. बच्चे पीने का पानी साथ लेकर आते हैं. इस बात का खुलासा तब हुआ, जब पूर्वी सिंहभूम के सरकारी स्कूलों का लेखा-जोखा नीति आयोग के सामने प्रस्तुत किया गया. इसके अनुसार जिले में कुल 1869 […]
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जमशेदपुर : जिले में 24 ऐसे सरकारी स्कूल हैं, जहां छात्र-छात्राअों के लिए पीने के पानी की व्यवस्था नहीं है. बच्चे पीने का पानी साथ लेकर आते हैं. इस बात का खुलासा तब हुआ, जब पूर्वी सिंहभूम के सरकारी स्कूलों का लेखा-जोखा नीति आयोग के सामने प्रस्तुत किया गया. इसके अनुसार जिले में कुल 1869 सरकारी स्कूल ( प्राथमिक व मध्य ) हैं. इनमें 1845 ऐसे स्कूल हैं, जहां पीने के लिए पानी की व्यवस्था है. अन्य 24 स्कूलों में पानी नहीं है. हालांकि जिला शिक्षा विभाग की अोर से दावा किया गया है कि आने वाले तीन महीने के भीतर इन स्कूलों में पानी की आपूर्ति शुरू करा दी जायेगी.
फीमेल लिट्रेसी रेट भी चिंताजनक : जिले में 15 साल से अधिक की उम्र सीमा में फीमेल लिट्रेसी रेट भी चिंताजनक है. सिर्फ 67.33 फीसदी महिला ही साक्षर हैं. आठवीं क्लास में सिर्फ 55.43 फीसदी बच्चों को ही उनकी क्लास में पढ़ायी जानेवाली लैंग्वेज से संबंधित जानकारी है. हालांकि जिले के सरकारी स्कूलों में शौचालय की स्थिति सुखद है. लड़कियों के लिए 100 फीसदी स्कूलों में शौचालय की व्यवस्था है.
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