MGNREGA News : कोरोना महामारी के बीच मनरेगा में झारखंड की बड़ी उपलब्धि, मानव दिवस सृजन में देश में मिला सातवां स्थान

Published at :07 Jan 2021 5:42 PM (IST)
विज्ञापन
MGNREGA News : कोरोना महामारी के बीच मनरेगा में झारखंड की बड़ी उपलब्धि, मानव दिवस सृजन में देश में मिला सातवां स्थान

MGNREGA News, Ranchi News, रांची : ग्रामीण परिवारों को मनरेगा के तहत स्थायी आजीविका प्रदान करने की दिशा में राज्य सरकार ने कोरोना महामारी के बावजूद अब तक सबसे बड़ी उपलब्धि हासिल की है. आठ लाख से अधिक मानव दिवस का सृजन कर झारखंड पूरे देश में 7वें स्थान पर पहुंच गया. अब तक कुल आठ लाख 77 हजार 682 नये परिवारों को जॉब कार्ड दिया गया, जिसमें कुल 11 लाख 95 हजार 639 मजदूर शामिल हैं.

विज्ञापन

MGNREGA News, Ranchi News, रांची : ग्रामीण परिवारों को मनरेगा के तहत स्थायी आजीविका प्रदान करने की दिशा में राज्य सरकार ने कोरोना महामारी के बावजूद अब तक सबसे बड़ी उपलब्धि हासिल की है. आठ लाख से अधिक मानव दिवस का सृजन कर झारखंड पूरे देश में 7वें स्थान पर पहुंच गया. अब तक कुल आठ लाख 77 हजार 682 नये परिवारों को जॉब कार्ड दिया गया, जिसमें कुल 11 लाख 95 हजार 639 मजदूर शामिल हैं.

बीते आठ माह में ही 890 लाख मानव दिवस का सृजन हो चुका है. लक्ष्य 900 लाख मानव दिवस सृजन का है. झारखंड उसे भी प्राप्त करने के करीब है. 12.5 लाख मानव दिवस के लक्ष्य के लिए भारत सरकार से अनुरोध किया गया है, जिसे मार्च तक प्राप्त करने का काम किया जा रहा है. बता दें कि वित्तीय वर्ष 2020-21 में झारखंड के लिए 2,74,184 लाख रूपये तथा 800 लाख मानव दिवस श्रम बजट का लक्ष्य निर्धारित किया गया था.

Also Read: Corona Vaccination : रांची में ड्राई रन कल, कोरोना वैक्सीनेशन सेंटर पर ये व्यवस्थाएं करने का निर्देश, टीकाकरण में इन्हें मिलेगी प्राथमिकता

मनरेगा मजदूरों को ससमय पारिश्रमिक प्रदान करने के मामले में झारखंड पूरे देश में अव्वल है. ससमय पारिश्रमिक भुगतान के मामले में प्रथम स्थान हासिल करने के लिये सरकार ने रोजगार अभियान चलाया और पंचायत स्तर पर योजनाओं के कार्यान्वयन के लिये मनरेगा मजदूरों को एकसूत्र में बांधने का प्रयास किया. रोजगार अभियान के 35 दिनों के अंदर 140 लाख मानव दिवस सृजन कर करीब 82 हजार योजनाओं को भी पूरा किया गया.

https://www.youtube.com/watch?v=dB57G1YRCUg

कोरोनकाल में मनरेगा योजना ने ग्रामीण क्षेत्र के गरीब परिवारों तथा प्रवासी श्रमिकों के लिए रोजगार और आजीविका के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. बिरसा हरित ग्राम योजना, नीलाम्बर-पीताम्बर जल समृद्धि योजना, वीर शहीद पोटो हो खेल विकास योजना और दीदी बाड़ी योजना का महत्वपूर्ण योगदान रहा. बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत करीब 26 हजार एकड़ भूमि पर 30 हजार से अधिक परिवारों के साथ बागवानी का कार्य किया जा रहा है. नीलाम्बर-पीताम्बर योजना के जरिये लगभग 80 हजार योजनाओं को पूर्ण किया जा रहा है जबकि 1,50,210 योजनाओं पर कार्य जारी है. वहीं वीर शहीद पोटो हो खेल योजना के तहत 1805 योजनाओं पर कार्य जारी है.

Posted By : Guru Swarup Mishra

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola