बिहार की 5 समेत राज्यसभा की 37 सीटों पर वोटिंग का ऐलान, जानें पूरा चुनाव शेड्यूल

Updated:
विज्ञापन

Rajya Sabha

Rajya Sabha Elections 2026: राज्यसभा की 37 सीटों पर चुनाव की तारीखों का एलान हो गया है. इन सीटों के लिए मतदान 16 मार्च को कराया जाएगा, जबकि पूरी चुनाव प्रक्रिया 20 मार्च तक पूरी कर ली जाएगी. चुनाव कार्यक्रम की घोषणा चुनाव आयोग ने की है. बिहार की 5 सीटों पर भी मतदान होना है, जिससे राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है.

विज्ञापन

Rajya Sabha Elections 2026: देश की राजनीति में एक बार फिर सरगर्मी बढ़ने वाली है. चुनाव आयोग ने राज्यसभा की 37 खाली हो रही सीटों के लिए चुनावी तारीखों का औपचारिक एलान कर दिया है. इस फेहरिस्त में बिहार की 5 महत्वपूर्ण सीटें भी शामिल हैं, जिन पर दिग्गजों की नजर टिकी है.

आपके शहर में

विज्ञापन

जारी अधिसूचना के अनुसार, चुनाव की पूरी प्रक्रिया 20 मार्च तक संपन्न कर ली जाएगी. इस चुनाव के जरिए संसद के ऊपरी सदन में सत्ता और विपक्ष के समीकरणों में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है, क्योंकि कई सियासी सूरमाओं का कार्यकाल अप्रैल में समाप्त होने जा रहा है.

चुनाव का टाइम टेबल

राज्यसभा चुनाव की प्रक्रिया 26 फरवरी को अधिसूचना जारी होने के साथ शुरू होगी. प्रत्याशियों के पास नामांकन दाखिल करने के लिए 5 मार्च तक का समय होगा, जबकि 6 मार्च को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी. यदि कोई उम्मीदवार अपना नाम वापस लेना चाहता है, तो उसके लिए 9 मार्च की तारीख तय की गई है. 16 मार्च को होने वाले मतदान के बाद 20 मार्च तक चुनाव की पूरी प्रक्रिया समाप्त कर दी जाएगी और नवनिर्वाचित सदस्यों की सूची जारी होगी.

राज्यसभा चुनाव 2026 का शेड्यूल

कई राज्यों में एक साथ होगा मतदान

राज्यसभा की जिन 37 सीटों पर चुनाव होने हैं, उनमें महाराष्ट्र की 7 और तमिलनाडु की 6 सीटें शामिल हैं. वहीं पश्चिम बंगाल और बिहार से 5-5 सीटों पर मतदान होगा. इसके अलावा ओडिशा, असम, छत्तीसगढ़, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और तेलंगाना में भी वोट डाले जाएंगे.

चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि मतदान 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगा और उसी दिन शाम 5 बजे से मतगणना भी शुरू कर दी जाएगी. यह चुनाव उन राज्यों के लिए भी अग्निपरीक्षा है जहां हालिया राजनीतिक फेरबदल के बाद विधानसभा में सीटों के समीकरण बदले हैं. यह चुनाव उन सीटों के लिए हो रहे हैं, जिन पर मौजूदा सांसदों का कार्यकाल अप्रैल में समाप्त हो रहा है.

बिहार के इन दिग्गजों की कुर्सी पर संकट

बिहार की 5 सीटों पर होने वाले चुनाव पर सबकी नजरें इसलिए हैं क्योंकि यहां से कई कद्दावर नेताओं की विदाई हो रही है. इनमें राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह, उपेंद्र कुशवाहा, रामनाथ ठाकुर, प्रेम चंद गुप्ता और अमरेंद्र धारी सिंह शामिल हैं. इन सभी का कार्यकाल 9 अप्रैल 2026 को समाप्त हो रहा है. इसके अलावा महाराष्ट्र से शरद पवार और रामदास अठावले जैसे राष्ट्रीय कद के नेताओं का कार्यकाल भी 2 अप्रैल को पूरा हो रहा है.

ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि पार्टियां पुराने चेहरों को दोबारा मौका देती हैं या नए चेहरों के जरिए सामाजिक समीकरण साधती हैं.

क्यों अहम है यह चुनाव बिहार के लिए

बिहार की पांच सीटों पर चुनाव होने से राज्य की राजनीतिक पार्टियों के लिए यह चुनाव बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. जिन सांसदों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, उनमें अमरेंद्र धारी सिंह, प्रेम चंद गुप्ता, रामनाथ ठाकुर, उपेंद्र कुशवाहा और हरिवंश नारायण सिंह शामिल हैं.

इन सीटों पर होने वाला चुनाव आगामी राजनीतिक समीकरणों और गठबंधन रणनीतियों को भी प्रभावित कर सकता है.

विधानसभा से तय होगा राज्यसभा का सफर

राज्यसभा चुनाव में मतदाता राज्य की विधानसभाओं के सदस्य (विधायक) होते है चूंकि विधायकों की संख्या के आधार पर ही उम्मीदवारों की जीत तय होती है, इसलिए बिहार और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में जोड़-तोड़ की राजनीति तेज हो सकती है.

बिहार में एनडीए और महागठबंधन के बीच कांटे की टक्कर होने की संभावना है. इस चुनाव के परिणाम यह भी तय करेंगे कि आगामी महीनों में संसद के ऊपरी सदन में केंद्र सरकार को महत्वपूर्ण बिल पास कराने के लिए क्षेत्रीय दलों के समर्थन की कितनी आवश्यकता होगी.

Also Read: बिहार बजट के बीच शराबबंदी पर बवाल, रामकृपाल यादव बोले- मेरा ब्लड टेस्ट कराइए

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन