ePaper

पटना: परिवहन विभाग का नया नियम लागू, अब प्रदूषण प्रमाण पत्र के लिए करना होगा ये काम

Updated at : 07 Jun 2025 10:59 AM (IST)
विज्ञापन
File Photo

File Photo

पटना: परिवहन विभाग ने प्रदूषण प्रमाण पत्र बनवाने के लिए एक नया नियम लागू किया है. जिसके तहत वाहन चालकों को अब ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन में मोबाइल नंबर अपडेट कराना अनिवार्य होगा. मोबाइल नंबर अपडेट नहीं होने पर प्रदूषण प्रमाण पत्र नहीं बनेगा.

विज्ञापन

पटना: वाहन चालकों को अपनी ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र में मोबाइल नंबर अपडेट कराना होगा. मोबाइल नंबर अपडेट होने के बाद ही वाहन का प्रदूषण प्रमाण पत्र बनाना संभव हो पाएगा. परिवहन विभाग ने प्रदूषण प्रमाण पत्र बनाने के नियमों में बदलाव किया है.

त्रुटि में भी सुधार जरूरी

नए नियम के तहत मोबाइल नंबर अपडेट किए बिना प्रदूषण प्रमाण पत्र जारी नहीं होगा. परिवहन विभाग ने उन सभी वाहनों के प्रदूषण प्रमाणपत्र पर रोक लगा दी, जिनके मालिक और चालक ने रजिस्ट्रेशन और ड्राइविंग लाइसेंस में मोबाइल नंबर अपडेट नहीं किए हैं. साथ ही ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन प्रमाणपत्र पर नाम आदि में त्रुटि होने पर भी प्रदूषण प्रमाणपत्र नहीं दिया जाएगा. त्रुटि सुधार करने के बाद ही प्रमाण पत्र बनेगा.

प्रभारी डीटीओ रवि रंजन के अनुसार मोबाइल नंबर अपडेट होने पर ही प्रदूषण प्रमाणपत्र बनने का निर्देश आया है. जल्द ही इसपर काम शुरू होगा. उन वाहन चालकों का प्रदूषण प्रमाणपत्र नहीं बनेगा, जिन्होंने मोबाइल अपडेट नहीं किया किया है.

पांच हजार तक का कट सकता है चालान

बता दें कि वाहन चालक के ड्राइविंग लाइसेंस और वाहन रजिस्ट्रेशन से लिंक मोबाइल नंबर अपडेट नहीं होगा तो उनके ऊपर अब दो तरह से कार्रवाई होगी. पहला प्रदूषण प्रमाणपत्र का चालान देना होगा. वहीं, मोबाइल नंबर अपडेट नहीं होने पर पांच हजार तक का चालान कट सकता है. विभाग ने वाहन चालक की सुविधा के लिए ऑनलाइन ही मोबाइल नंबर अपडेट करने की जानकारी दी है. वाहन रजिस्ट्रेशन में मोबाइल नंबर अपडेट के लिए वाहन परिवहन पर और ड्राइविंग लाइसेंस में मोबाइल नंबर अपडेट के लिए सारथी परिवहन पोर्टल पर जाकर करनी होगी.

बिहार की ताजा खबरों के लिए यहां क्लिक करें

क्यों बदला नियम?

बता दें कि वाहन चालकों का चालान तो कटता है, लेकिन वे जमा नहीं करते हैं, क्योंकि वाहन चालकों ने जो मोबाइल नंबर दिया है. वे उनके ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन नंबर से अलग हैं. ऐसे में चालान की जानकारी उन्हें नहीं मिल रही है. इससे परिवहन विभाग की ओर से भेजे गए मैसेज वाहन चालक को नहीं मिल रहे हैं. इसके देखते हुए ही नियम में बदलाव किया गया है.

इसे भी पढ़ें:

विज्ञापन
Rani Thakur

लेखक के बारे में

By Rani Thakur

बंगाल की धरती पर एक दशक से अधिक समय तक समृद्ध पत्रकारिता अनुभव के साथ, रानी ठाकुर अब बिहार की धरती पर अपनी लेखनी से पहचान बना रही हैं. कोलकाता में कई राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित अखबारों के लिए रिपोर्टिंग और सब-एडिटिंग का अनुभव हासिल करने के बाद, वे अब प्रभात खबर के डिजिटल डेस्क से जुड़ी हैं, जहां वे लाइफ स्टाइल की खबरों के माध्यम से अपनी रचनात्मक सोच और पत्रकारिता कौशल को नई दिशा दे रही हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन