पटना स्थित CDA कार्यालय को कोलकता शिफ्ट करने की कवायद फिर से शुरू, राजेंद्र बाबू से जुड़ा हुआ है इतिहास

पटना स्थित सीडीए कार्यालय को कोलकाता स्थानांतरित करने की प्रक्रिया फिर शुरू कर दी गई है. बता दें कि यह पूर्वी कमान का सबसे बड़ा सीडीए कार्यालय है.
पटना: राजधानी पटना स्थित सीडीए कार्यालय को कोलकाता ले जाने का विरोध शुरू हो गया है. यह करीब 75 वर्षों से पटना में स्थापित है और यह पूर्वी कमान का सबसे बड़ा सीडीए कार्यालय है. इसको अपग्रेड कर कोलकाता स्थानांतरित करने की प्रक्रिया फिर शुरू कर दी गई है.
कर्मचारी संघों की मांग है कि बिना कोलकाता स्थानान्तरित कर इसी कार्यालय को रक्षा लेखा प्रधान नियंत्रक कार्यालय बनाया जाए. जिसके लिए एक प्रतिनिधि मंडल शीघ्र ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के अलावा केंद्र सरकार में मौजूद बिहार के मंत्रियों से मिल कर अपना विरोध दर्ज कराएगा.
इसे बचाने में लगे अधिकारी संघ के सचिव कुमार अनुपम के अनुसार कोलकाता, प्रयागराज, लखनऊ, मेरठ, चंडीगढ़ समेत कई राज्यों में स्थित सीडीए कार्यालयों को अपग्रेड कर उन्हीं स्थानों पर पीसीडीए कार्यालय बनाया गया है. वहीं पटना के इस कार्यालय को अपग्रेड कर इस बार कोलकता स्थित पीसीडीए (फैक्टरी) कार्यालय में शिफ्ट करने की कार्रवाई शुरू की गई है.
गौरतलब है कि तत्कालीन सांसद आर के सिन्हा ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को बिहार में स्थापित इस एकमात्र कार्यालय के सारे तथ्यों से अवगत कराया था. रक्षा मंत्री ने 19 फरवरी 2020 को ऐसे सभी आदेशों को रद्द कर इस कार्यालय को कोलकाता स्थानान्तरित करने की कार्रवाई पर विराम लगा दिया था. इसकी स्थापना देश के पहले राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद के प्रयासों से हुई थी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










