वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर सदर अस्पताल की ओपीडी में एक सप्ताह से अधिक समय से बुखार से पीड़ित मरीजों को डेंगू का संदिग्ध मानते हुए उनकी जांच कराई गई है. जांच के लिए मरीजों के सैंपल लिए गए हैं, जिनकी रिपोर्ट दो दिनों बाद आने की संभावना है. इस बीच चिकित्सकों ने मरीजों को परिजनों से अलग कमरे में रहने की सलाह दी है. चिकित्सकों के अनुसार बुखार के साथ मरीजों में डेंगू के कुछ प्रारंभिक लक्षण पाए गए, जिसके बाद जांच कराने का निर्णय लिया गया. जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मरीज डेंगू से संक्रमित हैं या नहीं. इधर चिकित्सकों ने बुखार से पीड़ित मरीजों की ट्रैवल हिस्ट्री की भी जानकारी ली है. हालांकि सभी मरीज स्थानीय बताए जा रहे हैं. स्वास्थ्य विभाग ने सभी बुखार के मरीजों की डेंगू जांच कराने के निर्देश दिए हैं. चिकित्सक डॉ. एस.के. पांडे ने बताया कि डेंगू सामान्यतः मानसून के मौसम में फैलता है, लेकिन इस बार ठंड के मौसम में भी इसके मरीज सामने आ रहे हैं. डेंगू की शुरुआत तेज बुखार, सिरदर्द और पीठ दर्द से होती है. शुरुआती तीन से चार घंटों तक जोड़ों में तेज दर्द होता है और आंखें लाल हो जाती हैं. उन्होंने बताया कि डेंगू का बुखार आमतौर पर दो से चार दिन तक रहता है, जिसके बाद धीरे-धीरे शरीर का तापमान सामान्य होने लगता है. इस दौरान शरीर में प्लेटलेट्स की कमी हो सकती है. गंभीर स्थिति में शरीर का तापमान 104 डिग्री तक पहुंच सकता है और ब्लड प्रेशर सामान्य से काफी कम हो जाता है.
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