ePaper

डिग्री के लिए विश्वविद्यालय पहुंचे अभ्यर्थियों को गार्ड ने धक्का मारकर बाहर निकाला

Updated at : 24 Dec 2024 8:11 PM (IST)
विज्ञापन
डिग्री के लिए विश्वविद्यालय पहुंचे अभ्यर्थियों को गार्ड ने धक्का मारकर बाहर निकाला

बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में मंगलवार को डिग्री के लिए पहुंचे अभ्यर्थियों को गार्ड ने धक्का मारकर बाहर निकाल दिया. उसके साथ बदसलूकी की.

विज्ञापन

वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुरबीआरए बिहार विश्वविद्यालय में मंगलवार को डिग्री के लिए पहुंचे अभ्यर्थियों को गार्ड ने धक्का मारकर बाहर निकाल दिया. उसके साथ बदसलूकी की. इसके विरोध में अभ्यर्थियों ने विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यशैली के खिलाफ सड़क पर प्रदर्शन किया. प्रधानाध्यापक की नियुक्ति को लेकर चल रही काउंसेलिंग के लिए अभ्यर्थियों को डिग्री की जरूरत थी. इसको लेकर 50 से अधिक संख्या में अभ्यर्थी डिग्री के लिए पहुंचे थे. उनका कहना था कि करीब दो महीने पहले डिग्री के लिए पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन किया था. इसके बाद अंकपत्र और अन्य कागजात संलग्न कर उसकी कॉपी सिंगल विंडो काउंटर पर जमा करा दी थी. कहा गया था कि एक सप्ताह के भीतर डिग्री दे दी जाएगी, लेकिन दो महीने बीत जाने पर भी डिग्री नहीं दी जा रही है. सीतामढ़ी के गोयनका कॉलेज से 1993-96 में स्नातक उत्तीर्ण और वर्तमान में सुप्पी में शिक्षक के रूप में कार्यरत संतोष कुमार ने बताया कि 15 दिन पहले काउंटर पर कागजात जमा कराया था. 23 दिसंबर को भी पहुंचे थे, लेकिन डिग्री की जानकारी नहीं मिली.

24 को होनी थी काउंसेलिंग

24 को काउंसेलिंग होनी थी, इसको लेकर सुबह में ही विश्वविद्यालय पहुंचकर डिग्री लेने के लिए प्रयास किया. गार्ड ने भीतर प्रवेश नहीं करने दिया, जबकि कई लोग डिग्री लेकर भीतर से निकल रहे थे. बाहर एक युवक ने दो हजार रुपये देने पर डिग्री हाथो-हाथ दिलाने की बात कही. इधर, बेतिया से पहुंची छात्रा नेहा कुमारी ने नवंबर के पहले सप्ताह में डिग्री के लिए आवेदन किया था और उसकी कॉपी जमा करायी थी. डिग्री डिस्पैच का स्टेटस भी पोर्टल पर दिख रहा है. विश्वविद्यालय में पिछले सप्ताह आने पर कहा गया कि कॉलेज को डिग्री भेज दी गयी. वहां जाने पर कहा गया कि डिग्री नहीं आयी है. छात्रा ने कहा कि दिल्ली में बीएड में दाखिला ली है. वहां 30 तक हर हाल में डिग्री जमा कराने को कहा गया है. सीतामढ़ी में साइंस कॉलेज के छात्र रहे राजू कुमार, वैशाली के साहिल, बगहा के सुमित, मुजफ्फरपुर के केशव, पायल समेत दर्जनों छात्र-छात्राओं को डिग्री नहीं मिली. उन्होंने विश्वविद्यालय की कार्यशैली पर सवाल उठाया. कहा कि ऑनलाइन आवेदन शुल्क देने और पावती जमा करने पर डिग्री नहीं दी जा रही है. छात्र संवाद में भी आवेदन दिये पर लाभ नहीं मिला.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन