मुजफ्फरपुर : शहर में जल संकट को देखते हुए निगम प्रशासन ने सर्विस सेंटरों पर शिकंजा कसने का मन बना लिया है. इसके लिए बिना अनुमति जगह-जगह खुले सर्विस सेंटरों पर कार्रवाई करते हुए सभी को रजिस्टर्ड करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है.
पहले चरण में अलग-अलग वार्डों में 70 सर्विस सेंटर चिह्नित किये गये हैं, जिन्हें निगम प्रशासन की ओर से इसी हफ्ते नोटिस भेजी जायेगी. मनमानी करने वाले सर्विस सेंटरों को प्रतिबंधित करने का भी निर्णय लिया गया है.
सर्विस सेंटरों पर वाहन धुलाई के लिए मोटर लगे हैं, जिससे रोजाना लाखों लीटर पानी बर्बाद होता है. शहर में संचालित होने के बाद भी निगम प्रशासन को इसकी जानकारी तक नहीं है.
गर्मी की आहट के साथ शहर के कई मोहल्लों में जल संकट गहराने लगा, तो अवैध तरीके से हो रहे जल दोहन की ओर निगम के अफसरों का ध्यान गया. पहले चरण में 70 सर्विस सेंटरों की लिस्ट तैयार की गयी है, जिन्हें निगम की ओर से नोटिस भेजा जाना है.
मनमानी रोकते हुए सभी को रजिस्टर्ड कराया जायेगा और हर महीने निर्धारित टैक्स की वसूली होगी. बताया जा रहा है कि निगम प्रशासन ने भविष्य के लिए भी कार्य योजना तय की गयी है कि सर्विस सेंटर खोलने से पहले निगम की अनुमति ली जाये.
54 पानी व्यवसायियों पर टैक्स लगाने का हो चुका है निर्णय
निगम प्रशासन ने पहले ही शहर में पानी के व्यवसाय पर टैक्स लगाने का निर्णय कर लिया है. इसको लेकर शहर के विभिन्न मोहल्लों में कारोबार चलाने वाले 54 व्यवसाइयों की लिस्ट बनाकर प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है. सभी को निगम के जल-कार्य शाखा से अनुमति लेने को कहा गया है.
