एमएनसी बिल में हो संशोधन

Published at :17 Nov 2016 5:19 AM (IST)
विज्ञापन
एमएनसी बिल में हो संशोधन

विरोध . आइएमए की जिला इकाई ने विभिन्न मांगों को लेकर िनकाला मार्च आइएमए के बैनर तले जिला के चिकित्सकों ने सत्याग्रह किया और सड़क मार्च किया. बाद में अपनी मांगों को लेकर राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री के नाम का ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा. किशनगंज : प्रस्तावित एनएमसी बिल, क्लिनिकल इस्टैबिलशमेंट चिकित्सकों की सुरक्षा, पीसीपीएनडीटी कानून […]

विज्ञापन

विरोध . आइएमए की जिला इकाई ने विभिन्न मांगों को लेकर िनकाला मार्च

आइएमए के बैनर तले जिला के चिकित्सकों ने सत्याग्रह किया और सड़क मार्च किया. बाद में अपनी मांगों को लेकर राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री के नाम का ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा.
किशनगंज : प्रस्तावित एनएमसी बिल, क्लिनिकल इस्टैबिलशमेंट चिकित्सकों की सुरक्षा, पीसीपीएनडीटी कानून में संशोधन एवं अन्य मांगों को लेकर आइएमए के बैनर तले जिला के चिकित्सकों ने देशव्यापी सत्याग्रह के तहत सत्याग्रह किया और मार्च निकाला. बाद में अपनी मांगों को लेकर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री के नाम ज्ञापन भी जिलाधिकारी को सौंपा. सत्याग्रह के दौरान आइएमए किशनगंज के सचिव डा मनीष कुामर, अध्यक्ष डा विजय कुमार ने बताया कि वर्तमान में स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा पूर्णत: सरकार के नियंत्रण वाली एक गैर जनतांत्रिक, गैर चिकित्सकों की बहुमत वाली एनएमसी का प्रस्ताव लाया गया है,
जिसमें प्रावधानों से आधुनिक चिकित्सा शिक्षा एवं पद्धति को गंभीर संकट दिखायी पड़ रहा है. इसके कई ऐसे प्रावधान हैं जो उचित नहीं है. हमलोग प्रस्तावित एनएमसी बिल का विरोध करते हैं. साथ ही कहा कि क्लीनिकल इस्टैबिलशमेंट (रजिस्ट्रेशन एवं रेगुलेशन एक्ट 2010) संविधान विरोधी एवं चिकित्सकों के अधिकारों को हनन करने वाला प्रावधान है तथा इसके लागू होने से छोटे एवं मंझोले क्लिनिकल इस्टैबिलशमेंट बंद हो जायेंगे. उन्होंने बताया कि आज देश में चिकित्सकों के विरुद्ध मुकदमे एवं हिंसा की घटना में अप्रत्याशित वृद्धि हो रही है. सरकार को चिकित्सकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाने चाहिए और अविलंब एक राष्ट्रीय कानून बनना चाहिए. उन्होंने बताया कि पीसी पीएनडीटी कानून में संशोधन की आवश्यकता है. चिकित्सकों को सजा का प्रावधान अनैतिक एवं अवांछित है. सत्याग्रह के बाद मार्च के दौरान डॉक्टरों ने अपनी मांगों के समर्थन में आवाज भी बुलंद की. इस अवसर पर डा शंकर लाल रामदास, डा हैदर, डा मनीष कुमार, डा सचिन प्रसाद, डा शबनम यास्मीन, डा अनुज प्रसाद, डा संजीव चौधरी, डा शेखर जालान, डा अमर, डा अभय कुमार, डा सुबोध कुमार साहा, डा गजेंद्र सहित कई डॉक्टर उपस्थित थे.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन