कटिहार में गर्मी की छुट्टियों में भी जारी रहेगी पढ़ाई, डंडखोरा में समर कैंप के लिए शिक्षा सेवकों को मिला खास प्रशिक्षण

Published by : Pratyush Prashant Updated At : 01 Jun 2026 2:29 PM

विज्ञापन

प्रशिक्षण में शामिल शिक्षा सेवक एवं तालिमी मरकज

Katihar News: स्कूल भले बंद हों, लेकिन बच्चों की पढ़ाई नहीं रुकेगी. डंडखोरा में समर कैंप को सफल बनाने के लिए शिक्षा सेवकों और तालिमी मरकज कर्मियों को दिया गया विशेष प्रशिक्षण

विज्ञापन

कटिहार के डंडखोरा से संजय कुमार सिंह की रिपोर्ट.

Katihar News: गर्मी की छुट्टियों के दौरान बच्चों की पढ़ाई को निरंतर बनाए रखने और कमजोर विद्यार्थियों को शैक्षणिक रूप से मजबूत करने के उद्देश्य से डंडखोरा प्रखंड में समर कैंप की तैयारी तेज हो गई है. इसी कड़ी में प्रखंड संसाधन केंद्र (बीआरसी) भवन डंडखोरा में शिक्षा सेवकों और तालिमी मरकज कर्मियों के लिए एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया. प्रशिक्षण में समर कैंप के संचालन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की गईं.

कमजोर बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने पर फोकस

प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केआरपी रानी कुमारी ने कहा कि समर कैंप का मुख्य उद्देश्य कक्षा पांचवीं और छठी के उन विद्यार्थियों को शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाना है, जिन्हें पढ़ाई में कठिनाई होती है या जिनकी बुनियादी समझ कमजोर है. उन्होंने बताया कि गर्मी की छुट्टियों के दौरान बच्चों को गतिविधि आधारित और रोचक तरीके से पढ़ाया जाएगा, ताकि विद्यालय खुलने के बाद वे आत्मविश्वास के साथ अपनी कक्षाओं में शामिल हो सकें.

उन्होंने कहा कि समर कैंप केवल पढ़ाई तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि बच्चों में सीखने की रुचि विकसित करने और उनकी बुनियादी शैक्षणिक दक्षता को मजबूत करने का भी प्रयास किया जाएगा.

गतिविधि आधारित शिक्षण पर दिया गया जोर

प्रथम संस्था की प्रशिक्षक संगीता देवी ने प्रशिक्षण के दौरान शिक्षा सेवकों और तालिमी मरकज कर्मियों को समर कैंप संचालन की विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने बताया कि बच्चों को खेल-खेल में सीखने, समूह गतिविधियों में भाग लेने और रचनात्मक तरीकों से पढ़ाई से जोड़ने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा.

उन्होंने नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने, बच्चों के सीखने के स्तर का आकलन करने और शिक्षण सामग्री के प्रभावी उपयोग से संबंधित महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश भी साझा किए.

बच्चों के भविष्य को संवारने की पहल

प्रशिक्षण कार्यक्रम में समर कैंप के संचालन, मूल्यांकन प्रक्रिया, समूह कार्य और शैक्षणिक गतिविधियों के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई. उपस्थित शिक्षा सेवकों और तालिमी मरकज कर्मियों ने इसे बेहद उपयोगी बताते हुए कहा कि इस पहल से बच्चों को सीखने का बेहतर अवसर मिलेगा और उनकी शैक्षणिक कमजोरियों को दूर करने में मदद मिलेगी.

शिक्षा विभाग की यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को गर्मी की छुट्टियों में भी सीखने से जोड़े रखने और उन्हें नई शैक्षणिक ऊर्जा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है.

Also Read: बिहार में महंगी हुई कमर्शियल गैस, पटना में LPG सिलेंडर 53.50 रुपये बढ़ा, होटल-रेस्तरां कारोबारियों की बढ़ी चिंता

विज्ञापन
Pratyush Prashant

लेखक के बारे में

By Pratyush Prashant

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन