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कलकत्ता में ही नहीं बिहार में भी है हावड़ा पुल, लेकिन नहीं जा सकते यात्री, जानिए क्या है इसकी कहानी

Updated at : 29 Mar 2025 5:35 PM (IST)
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बिहार के हावड़ा पुल का फोटो

बिहार के हावड़ा पुल का फोटो

औरंगाबाद : जिले के सोन नदी पर लगभग दो किलोमीटर तक बना एक पुल बिल्कुल कलकत्ता के हावड़ा पुल की तरह है. हालांकि इस पुल से कोई यात्रा नहीं करता.

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औरंगाबाद, मनीष राज सिंघम : औरंगाबाद ग्रामीण नवीनगर प्रखंड के नरारी कला खुर्द थाना क्षेत्र के बेनी बिगहा गांव के समीप सोन नदी पर लगभग दो किलोमीटर तक बना एक पुल बिल्कुल कलकत्ता के हावड़ा पुल की तरह है. हालांकि इस पुल से कोई यात्रा नहीं करता, क्योंकि इस पुल से आने जाने की इजाजत किसी को नहीं है और यहां आगमन बिल्कुल प्रतिबंधित हैं. इस पुल से पाइप लाइन के माध्यम से एनटीपीसी नवीनगर को विद्युत उत्पादन के लिए पानी की आपूर्ति की जाती है. 

फाइल फोटो
फाइल फोटो

पाइप के माध्यम से होती है पानी की सप्लाई 

प्राप्त जानकारी के अनुसार अंकोरहा में स्थित एनटीपीसी को पावर उत्पादन के लिए पानी की जरूरतों को पूरा करने के लिए परियोजना स्थल से लगभग सात किलोमीटर की दूरी पर स्थित सोन नदी पर इंटेक वेल पंप हाउस का निर्माण किया गया और यहां से पाइप के माध्यम से पावर हाउस के लिए पानी लाया गया. पॉवर प्लांट अपने निर्माण काल से बेनी गांव के समीप इंद्रपुरी बराज के समानांतर लगभग दो से तीन किलोमीटर तक सोन नदी पर बने इस पाइप लाइन से एनटीपीसी में विद्युत निर्माण के लिए पानी की सप्लाई हो रही है.

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हावड़ा का पुल के नाम से पुकारते है ग्रामीण 

पुल के एक छोर पर नदी के पानी के संग्रह के लिए बड़े-बड़े मशीन लगाए गए है और यहां से पाइप लाइन के द्वारा लगभग सात किलोमीटर तक एनटीपीसी परिसर में बने दो बड़े बड़े तालाब में जल संचयन किया जाता है. प्राप्त जानकारी के अनुसार इस प्रोजेक्ट स्थल पर 24 घंटे पंप चलते है. एनटीपीसी द्वारा जल आपूर्ति के लिए स्थापित यह संयंत्र आस पास के ग्रामीणों के लिए आकर्षण का केंद्र है और लोग इसे हावड़ा का पुल के नाम से पुकारते है. यह क्षेत्र पूर्णतः प्रतिबंधित क्षेत्र है और यहां बिना अनुमति के कोई नहीं जा पाता है.

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Prashant Tiwari

लेखक के बारे में

By Prashant Tiwari

प्रशांत तिवारी डिजिटल माध्यम में पिछले 3 सालों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. करियर की शुरुआत पंजाब केसरी से करके राजस्थान पत्रिका होते हुए फिलहाल प्रभात खबर डिजिटल के बिहार टीम तक पहुंचे हैं, देश और राज्य की राजनीति में गहरी दिलचस्पी रखते हैं. साथ ही अभी पत्रकारिता की बारीकियों को सीखने में जुटे हुए हैं.

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