hajipur news. पातेपुर में लंपी वायरस से एक दर्जन मवेशी मरे

पीड़ित पशुपालकों का कहना है कि अचानक जानवरों के शरीर में चकता-चकता जैसा घाव बन जाता है, जानवर खाना पीना छोड़ देते हैं
पातेपुर. पातेपुर प्रखंड क्षेत्र में जानवरों में फैले लंपी वायरस से एक दर्जन से अधिक मवेशी की जान जा चुकी है. बीमारी से अब भी कई जानवर प्रभावित हैं. इस बीमारी से पशुपालकों में बेचैनी बनी हुई है. जानकारी के अनुसार पातेपुर प्रखंड के विशुनपुर कैंजु के संजीत राय की एक, मौरा बुजुर्ग गांव के सोमन ठाकुर व ब्रह्मदेव राय की एक-एक, अजीजपुर चांदे का राजकुमार मंडल व नूनू मंडल की एक-एक, मरूई के राजेश सहनी की एक, पसतरा गांव में तीन और बस्ती खोआजपुर में एक गाय समेत एक दर्जन से अधिक मवेशियों की मौत अब तक हो चुकी है. पीड़ित पशुपालकों का कहना है कि अचानक जानवरों के शरीर में चकता-चकता जैसा घाव बन जाता है. जानवर खाना पीना छोड़ देते हैं. इलाज के बाद भी मवेशी में सुधार नहीं होता है. इस तरह की बीमारी पातेपुर प्रखंड की विभिन्न गांवों में फैला हुआ है. दर्जनों मवेशी इस रोग से ग्रसित हैं. पशुपालक इसका इलाज निजी तौर पर करा रहे हैं. हालांकि, पशु चिकित्सा पदाधिकारी डॉ प्रभात कुमार सिंह बताते हैं कि पातेपुर में 65 हजार पशुएं हैं. जबकि विभाग की ओर से पातेपुर प्रखंड क्षेत्र के लिए 32 हजार वैक्सीन ही उपलब्ध कराये गये थे. निजी वैक्सीनेटर को रखकर टीकाकरण कराया जा चुका है. उन्होंने बताया कि जानवरों को बरसात के मौसम में साफ सफाई पर पशुपालक को ध्यान देने की जरूरत है. इस बीमारी से बकाढ, सैदपुरपुरा, बाजीतपुर कैंजु, मालपुर, बहुआरा, इमादपुर, कृष्णबारा, बरडीहा, कपसारा, सकरौली आदि गांवों के जानवर जूझ रहे हैं.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




