मोतिहारी-बेतिया में रेडियो पकड़ रहे चीनी एफएम, गृह मंत्रालय को भेजी रिपोर्ट

Updated at : 10 Dec 2016 7:32 AM (IST)
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मोतिहारी-बेतिया में रेडियो पकड़ रहे चीनी एफएम, गृह मंत्रालय को भेजी रिपोर्ट

सच्चिदानंद सत्यार्थी मोतिहारी : भारत के लिए चाइना (चीन) एफएम की हाइ फ्रीक्वेंसी खतरा बन सकती है. कई सीमावर्ती गांव चाइना के रेडियो फ्रीक्वेंसी के रडार पर आ गये हैं. इसके जरिये चीन अपनी संस्कृति को भारतीय क्षेत्रों में बढ़ावा देने में लगा है. मोतिहारी, सीतामढ़ी, बेतिया, मधुबनी के गांवों में इसके छह एफएम रेडियो […]

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सच्चिदानंद सत्यार्थी
मोतिहारी : भारत के लिए चाइना (चीन) एफएम की हाइ फ्रीक्वेंसी खतरा बन सकती है. कई सीमावर्ती गांव चाइना के रेडियो फ्रीक्वेंसी के रडार पर आ गये हैं. इसके जरिये चीन अपनी संस्कृति को भारतीय क्षेत्रों में बढ़ावा देने में लगा है. मोतिहारी, सीतामढ़ी, बेतिया, मधुबनी के गांवों में इसके छह एफएम रेडियो पर प्रोग्राम सुने जा रहे हैं.
गृह मंत्रालय सहित संबंधित विभाग को सर्वे रिपोर्ट सौंपते हुए यह खुलासा किया गया है. रिपोर्ट के अनुसार, चीनी भाषा में कार्यक्रम प्रसारित करनेवाले छह चाइना एफएम की आवाज यहां के श्रोताओं के कानों तक पहुंच रही है. विभाग के सर्वे से जुड़े एक अधिकारी के मुताबिक मोतिहारी शहर के बरियारपुर एनएच 28 से बंसवरिया रोड में बजने पर चाइना एफएम की आवाज विभिन्न मेगा हर्ट्ज पर सुनाई देने लगती है. इसके अलावा नौ नेपाली एफएम हैं, जो नेपाली, भोजपुरी व हिंदी में गीत-संगीत, समाचार व विज्ञापन प्रसारित करते हैं. नेपाल के नौ में तीन भोजपुरी, दो हिंदी व चार एफएम नेपाली भाषा में भारतीय गांवों में प्रोग्राम सुने जा रहे हैं.
देशहित में अच्छा नहीं . जानकार बताते हैं कि नेपाल का भारत से बेटी-रोटी का संबंध है, तो नेपाली एफएम को लोग सुनते भी हैं, लेकिन चाइना के छह एफएम का भारतीय क्षेत्रों में बजना वह भी चाइना भाषा में देशहित में अच्छा नहीं कहा जा सकता है. जबरन अपनी संस्कृति थोपने की साजिश चाइना अपने उत्पाद को नेपाल व अन्य रास्तों से भारतीय बाजार में भेज कर बेचने के बाद भारतीय गांवों में अब अपनी संस्कृति के प्रचार-प्रसार करने में जुटा है.
रक्सौल व जयनगर में स्थापित भारतीय एफएम का विस्तार कर केंद्र सरकार की ओर से नेपाल के सीमावर्ती रक्सौल व जयनगर (मधुबनी) में 10 हजार मेगा हर्ट्ज का एफएम स्वीकृत है, लेकिन अब तक भूमि न मिलने के कारण स्थापित न हो सका है. विभाग का मानना है कि अगर भारतीय एफएम हाइ फ्रिक्वेंसी का लग जाये, तो दूसरे देश की फ्रिक्वेंसी को हटाया जा सकता है. अभी रक्सौल में 300 मेगा हर्ट्ज व मोतिहारी में 100 मेगा हर्ट्ज का एफएम है.
विभागीय निर्देश पर किये गये सर्वे में चाइना के छह और नेपाल के नौ एफएम रेडियो के मोतिहारी के आसपास के गांवों में कार्यक्रम प्रसारित किये जाने की बात सामने आयी है. इसकी रिपोर्ट वरीय अधिकारी व गृह मंत्रालय को भेज दी गयी है.
अमजद अली, सहायक अभियंता सह प्रभारी निदेशक, दूरदर्शन केंद्र, मोतिहारी
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