ePaper

बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ मंदिर में 80 हजार श्रद्धालुओं ने की पूजा-अर्चना

Updated at : 05 Aug 2024 9:40 PM (IST)
विज्ञापन
बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ मंदिर में 80 हजार श्रद्धालुओं ने की पूजा-अर्चना

नगर पंचायत स्थित बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ मंदिर पर सावन के तीसरी सोमवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी

विज्ञापन

ब्रह्मपुर. नगर पंचायत स्थित बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ मंदिर पर सावन के तीसरी सोमवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी. शाम तक 80 हजार के करीब श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना कर बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ पर जलाभिषेक किया.यहां पर दूसरे राज्यों से लोग आते है और ब्रह्मेश्वरनाथ पर जलाभिषेक करते है.सावन सोमवारी का आज तीसरा दिन है, ऐसे में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. सभी भक्त सुबह से भी भगवान शिव पर जलार्पण के लिए लाइन लगे हुए थे. सभी हर हर महादेव के जयकारे लगा रहे थे. भक्तों का मानना है कि सावन में सोमवार के दिन भगवान शिव पर जलार्पण करने से सभी की मनोकामना पूरी होती है. जलाभिषेक के लिए लगी भक्तों की लंबी लाइन प्राचीन मंदिर बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ में सुबह से भक्तों की लाइन लगी हुई थी. श्रद्धालुओं की भक्ति देखने लायक रही, तभी तो भक्त रात से ही लाइन में लगे हुए थे. बारी बारी से जलार्पण के लिए जाते थे. यहां भक्तों में अलग आस्था देखने को मिलती है. इस दिन युवक-युवती, बच्चे बूढ़ें सभी जलार्पण के लिए भगवान शिव के पास आते है. बाबा धाम पूरे सावन महीने में हर हर महादेव के जयकारों से गूंजता रहता है, लेकिन सोमवार को भक्तों की भीड़ देखने लायक थी. तीसरी सोमवार के दिन भक्तों की शिव सरोवर के चारों तरफ लंबी लाइन लगी थी. पौराणिक कथाओं के अनुसार सावन में ऐसा माना जाता है की सोमवार के दिन भगवान शिव की पूजा करने से भक्तों के सारे दुख दर्द खत्म हो जाते है. इसी वजह से भक्त से जल लेकर बाबा मंदिर मे जलार्पण करने जाते है. वहीं तीसरी सोमवारी पर आज ब्रह्मेश्वरनाथ में भक्तों ने जलार्पण की. सावन के तीसरे सोमवार को ऐतिहासिक ब्रह्मेश्वरनाथ मंदिर सुबह से ही श्रद्धालुओं के जयकारों से गूंज उठा. मंदिर के बाहर लंबी लंबी लाइनें लगनी शुरू हो गई थी. श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना कर बाबा पर भाँग,दुध,धतुरा,शहद चढ़ाकर जलाभिषेक किया और मन्नते माँगी. सीसीटीवी से रखी जा रही थी नजर सुरक्षा की दृष्टि से चप्पे चप्पे पर भारी पुलिस बल तैनात रहा. तीसरे सोमवार को पुरा ब्रह्मेश्वरनाथ मंदिर पर उमड़ी शिवभक्तों की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिये पूरे दिन पुलिस मशक्कत करती रही और सीसीटीवी कैमरों से चप्पे चप्पे पर निगरानी की गई.तीसरे सोमवार को बम-बम भोले के जयकारों के साथ श्रद्धालु मंदिर में पहुंचे. सोमवार को भगवान शिव की आराधना का प्रमुख दिन माना जाता है, लेकिन शास्त्रों में श्रावण मास में इस दिन विधि विधान के साथ जलाभिषेक करने का विशेष महत्व बताया गया है. सोमवार को सुबह ही शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं ने पहुंच कर जलाभिषेक किया. श्रद्धालुओं ने दुग्ध, दही, शहद, गंगा जल आदि से जलभिषेेक कर बेल पत्र, पुष्प, फल भांग, धतूरा अर्पित कर पूजा-अर्चना की. कुछ श्रद्धालु ऐसे भी रहे जिन्होंने विधि विधान के साथ जलाभिषेक किया. मान्यता है कि श्रावण मास में सभी पाप नष्ट हो जाते है और जीवन में सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन