रात 11 बजे भी जश्न, फिर हाथों में झाड़ू, Gen-Z ने दिया जिम्मेदारी का संदेश
प्रदर्शन समाप्त होने के बाद सफाई करते प्रदर्शनकारी छात्र, फोटो प्रभात खबर
रात के करीब 11 बज रहे थे. जंतर-मंतर प्रोटेस्ट एरिया की ओर जाने वाले रास्तों पर छात्रों और युवाओं का जमावड़ा लगा हुआ था. प्रोटेस्ट खत्म होने के बाद भी जगह-जगह 50 से 100 युवाओं के समूह डांस, सिंगिंग और देशभक्ति गीतों के साथ आंदोलन की सफलता का जश्न मना रहे थे.
संवाददाता रांची
जश्न के बीच-बीच में 'वंदे मातरम्' और 'भारत माता की जय' के नारे लगते रहे. फोटो, वीडियो और रील्स का दौर चलता रहा. युवाओं से पूछने पर उन्होंने कहा कि लंबे संघर्ष के बाद हमारी मांगों को माना गया है, ऐसे में यह उत्साह और उत्सव मना रहे हैं.
टेंट खुला लेकिन जमे रहे लोग
प्रोटेस्ट एरिया में भी देर रात तक जमावड़ा लगा रहा। जिस स्टेज से सीजेपी की टीम ने इस आंदोलन का नेतृत्व किया था, वह टेंट खुल गया लेकिन युवाओं का जमावड़ा लगा रहा. कुछ युवा चर्चा करते नजर आए कि "आज शांति की नींद आएगी."
200 से ज्यादा युवाओं ने घेरा बनाकर की साफ-सफाई
जश्न के बीच जेन-जी (Gen-Z) की एक और तस्वीर सामने आई. करीब 200 से अधिक युवाओं ने समूह बनाकर पूरे प्रोटेस्ट एरिया और आसपास की सड़क पर सफाई अभियान चलाया. हाथों में झाड़ू और कचरे के बैग लेकर युवाओं ने सड़क पर फैला प्लास्टिक, बोतलें और अन्य कचरा उठाया. सफाई के दौरान भी नारेबाजी जारी रही और लोग एक-दूसरे को सफाई के लिए प्रेरित करते रहे.

"इतने दिनों से आंदोलन चल रहा था. हजारों-लाखों लोग यहां आए, इसलिए गंदगी होना स्वाभाविक है. इसे साफ करना भी हमारी जिम्मेदारी है." - प्रदर्शन में शामिल लॉ की छात्रा आयशा
"हम सिर्फ अपने अधिकारों की बात नहीं करते, बल्कि अपनी जिम्मेदारियां भी निभाते हैं. इसलिए यहां जो भी कचरा था, उसे मिलकर साफ कर रहे हैं." - शादिल
आपके शहर में
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए