शिकायत सही हुई, तो एमवीआइ होंगे दोषी
Updated at : 11 Jul 2019 2:44 AM (IST)
विज्ञापन

प्रमंडलीय आयुक्त की अध्यक्षता में प्राधिकार ने कई वाहनों के परमिट पर दी अनुमति जिलाधिकारी से अगली बैठक में शहर में ऑटो परमिट पर होगी रायशुमारी, तब निर्णय भागलपुर : प्रमंडलीय आयुक्त वंदना किनी ने बुधवार को क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार की बैठक में श्रावणी मेला के दौरान ऑटो परमिट देने पर सहमति नहीं दी. इस […]
विज्ञापन
प्रमंडलीय आयुक्त की अध्यक्षता में प्राधिकार ने कई वाहनों के परमिट पर दी अनुमति
जिलाधिकारी से अगली बैठक में शहर में ऑटो परमिट पर होगी रायशुमारी, तब निर्णय
भागलपुर : प्रमंडलीय आयुक्त वंदना किनी ने बुधवार को क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार की बैठक में श्रावणी मेला के दौरान ऑटो परमिट देने पर सहमति नहीं दी. इस दौरान स्कूली बसों के परमिट देने के दौरान हिदायत दी कि आम लोग स्कूली बसों में परिवहन मानक के संबंध में जानकारी दे सकते हैं. अगर किसी स्कूली बस में मेडिकल किट या अन्य सुप्रीम कोर्ट के गाइडलाइन का पालन नहीं किया जा रहा है, तो उसकी जांच कर सबसे पहले परमिट रद्द होगा. वहीं, परमिट देने से पहले
संबंधित स्कूली बस की जांच रिपोर्ट देने वाले मोटरयान निरीक्षक पर भी कार्रवाई शुरू होगी. मोटरयान निरीक्षक के रिपोर्ट पर ही स्कूली बस को परमिट दी जाती है. इस दौरान श्रावणी मेला में शहरी क्षेत्र में वाहन का दबाव अधिक हो जायेगा. इस कारण अगली बैठक में जिलाधिकारी की मौजूदगी में शहरी क्षेत्र में ऑटो परमिट पर रायशुमारी होगी. इसमें डीएम के रिपोर्ट के आधार पर ही ऑटो परमिट पर अंतिम निर्णय होगा. उन्होंने स्कूली बस को लेकर परिवहन पदाधिकारी व एमवीआई को कहा कि वे स्कूली बसों के अंदर मानक की समय-समय पर जांच करें. एक निजी स्कूल के बस को आम तौर पर तीन साल के परमिट के बजाय एक साल का परमिट दिया गया. इस दौरान आयुक्त के सचिव सहित आरटीए सदस्य मुरलीधर जोशी आदि उपस्थित थे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




