जहां बुजुर्गों के अनुभव बनते हैं नई पीढ़ी की सीख, उसी वृद्धाश्रम में हुआ श्रीराम कथा का आयोजन

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कार्यक्रम में महापौर व अन्य

बेतिया के सहारा वृद्धाश्रम में आरोही कला संस्कृति वेलफेयर ट्रस्ट द्वारा आयोजित श्रीराम कथा ने बुजुर्गों के सम्मान और उनके अनुभवों के महत्व को उजागर किया. महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने वरिष्ठजनों से मिलकर उनके कुशलक्षेम पूछे और इस आयोजन की सराहना की.

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Bettiah News: बेतिया. बड़ा रमना मैदान स्थित सहारा वृद्धाश्रम में रविवार की संध्या आरोही कला संस्कृति वेलफेयर ट्रस्ट के तत्वावधान में एक दिवसीय श्रीराम कथा एवं कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में नगर निगम बेतिया की महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने वरिष्ठजनों से मुलाकात कर उनका कुशलक्षेम जाना और आश्रम के प्रयासों की सराहना की. उन्होंने ऐसे कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित करने तथा भविष्य में सात दिवसीय भागवत कथा कराने का सुझाव दिया.

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वरिष्ठजनों को बताया समाज की अमूल्य धरोहर

महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने कहा कि वरिष्ठजन समाज की अमूल्य धरोहर हैं. उनके अनुभव और संस्कार नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत हैं. उन्होंने कहा कि वरिष्ठजनों के अनुभवों से समाज और नई पीढ़ी को सीख मिलती है. उन्होंने आश्रम में इस तरह के धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन को सराहनीय पहल बताया.

श्रीराम के तैलचित्र पर माल्यार्पण और वृक्षारोपण से शुभारंभ

कार्यक्रम का शुभारंभ महापौर गरिमा देवी सिकारिया, उप महापौर गायत्री देवी एवं कथावाचक डॉ. प्रवीण कुमार तिवारी ने प्रभु श्रीराम के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर किया. इसके बाद वृक्षारोपण भी किया गया. कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने धार्मिक और सामाजिक मूल्यों को आगे बढ़ाने का संदेश दिया.

रामकथा में मर्यादा, त्याग और कर्तव्य का संदेश

कथावाचक डॉ. प्रवीण कुमार तिवारी ने श्रीराम कथा के माध्यम से मर्यादा, त्याग और कर्तव्य के महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि रामकथा केवल धार्मिक कथा नहीं, बल्कि जीवन में मर्यादा और कर्तव्य के पालन की प्रेरणा भी देती है. कथा के माध्यम से उपस्थित लोगों को सामाजिक और नैतिक मूल्यों का संदेश दिया गया.

नियमित कार्यक्रम और सात दिवसीय भागवत कथा का सुझाव

महापौर ने आश्रम में ऐसे कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित करने की आवश्यकता पर जोर दिया. उन्होंने भविष्य में सात दिवसीय भागवत कथा कराने का भी सुझाव दिया. उनका कहना था कि इस तरह के आयोजन वरिष्ठजनों के बीच सकारात्मक और सांस्कृतिक वातावरण बनाने में सहायक होंगे.

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां

कार्यक्रम के दौरान अधीक्षक आदित्य मधुकर, ट्रस्ट के सचिव प्रभात उर्फ चंदन झा, मदन प्रसाद, खुशी कुमारी, अंजली कुमारी, रौनक कुमार, रविराज शुक्ला, अंकित श्रीवास्तव एवं अंशुमन कुमार ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं. कार्यक्रम में धार्मिक वातावरण के साथ सांस्कृतिक रंग भी देखने को मिला.

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