बेगूसराय में बालिका जन्मोत्सव सह अन्नप्राशन समारोह, पांच बच्चियों के अभिभावक हुए सम्मानित

Updated:
विज्ञापन

कार्यक्रम में उपस्थित लाभुक

Begusarai News : साहेबपुरकमाल प्रखंड कार्यालय में बालिका जन्मोत्सव सह अन्नप्राशन कार्यक्रम का आयोजन हुआ. बेटियों के सम्मान और पोषण के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया.

विज्ञापन

Begusarai News : सहेबपुरकमाल प्रखंड कार्यालय के सभागार में बुधवार को बालिका जन्मोत्सव सह अन्नप्राशन समारोह का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में बेटियों के सम्मान, उनके बेहतर स्वास्थ्य, पोषण और शिक्षा को लेकर जागरूकता का संदेश दिया गया. इस दौरान प्रखंड की चयनित पांच बच्चियों के अभिभावकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया.

आपके शहर में

विज्ञापन

बेटी परिवार की खुशियों और भविष्य की पहचान

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाल विकास परियोजना पदाधिकारी पूजा रानी ने कहा कि बेटी केवल परिवार का हिस्सा नहीं होती, बल्कि परिवार की खुशियों, संस्कारों और भविष्य की पहचान होती है. जिस घर में बेटी का जन्म होता है, वहां केवल एक बच्ची नहीं आती, बल्कि एक नई उम्मीद, नया सपना और उज्ज्वल भविष्य जन्म लेता है.

Also Read : औरंगाबाद में पेपरलेस जमीन रजिस्ट्री का विरोध, दाउदनगर में तीसरे दिन भी दस्तावेज नवीसों की हड़ताल; निबंधन कार्यालय परिसर में पसरा सन्नाटा

बेटियों को शिक्षा, पोषण और समान अवसर देने की जरूरत

उन्होंने कहा कि आज जरूरत है कि बेटियों के जन्म का स्वागत केवल उत्सव मनाकर ही नहीं, बल्कि उन्हें अच्छी शिक्षा, पौष्टिक आहार, बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं, सुरक्षा और समान अवसर देकर भी किया जाए. एक शिक्षित और स्वस्थ बेटी आगे चलकर सशक्त महिला बनती है और पूरे परिवार के साथ समाज को भी आगे बढ़ाती है. उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करना होगा कि बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से पीछे न रहें.

छह माह बाद पूरक आहार है जरूरी

पूजा रानी ने कहा कि अन्नप्राशन बच्चे के जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है. छह माह की आयु के बाद बच्चे को मां के दूध के साथ पौष्टिक एवं संतुलित पूरक आहार देना उसके शारीरिक और मानसिक विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है.

Also Read : औरंगाबाद के हसपुरा में जर्जर सड़क को लेकर युवाओं का आंदोलन, व्हाट्सप्प ग्रुप बनाकर शुरू किया रोड बनाओ अभियान

बेटियों को बोझ नहीं, भविष्य की ताकत समझें

महिला पर्यवेक्षिकाओं ने उपस्थित महिला अभिभावकों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि बेटियों को बोझ नहीं, बल्कि अपनी सबसे बड़ी ताकत और भविष्य की पूंजी समझना चाहिए. उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम केवल उत्सव तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में बेटियों के सम्मान, उनके बेहतर स्वास्थ्य और पोषण के प्रति जागरूकता फैलाने का भी माध्यम है.

पांच बच्चियों के अभिभावकों को मिला सम्मान

कार्यक्रम में प्रखंड की चयनित पांच बच्चियों के अभिभावकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया. वहीं बच्चियों को नए कपड़े देकर प्रोत्साहित किया गया. अभिभावकों को बच्चियों की बेहतर देखभाल, पोषण और स्वास्थ्य के प्रति विशेष रूप से जागरूक किया गया.

ये लोग रहे मौजूद

मौके पर महिला पर्यवेक्षिका ममता कुमारी, रीना भारती, श्रेया सुमन, शोभा कुमारी, अर्चना, तुषार रंजन, सेविका अंजलि कुमारी, सुनीता कुमारी, हीरा कुमारी, साबरीन, राखी कुमारी, निकहत प्रवीण, हीरा देवी, अनीषा कुमारी, बबीता कुमारी, रूबी शर्मा सहित अन्य लोग मौजूद थे.

Also Read : औरंगाबाद में बंद मकान का ताला तोड़कर चोरी, अलमारी का लॉक भी टूटा मिला, CCTV से चोरों की तलाश


विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन