श्रावणी मेला में ‘दीदी की रसोई’ शुरू, कांवरियों को सरकारी दर पर मिलेगा शुद्ध भोजन और नाश्ता

Updated:
विज्ञापन
फीता काटते बीडीओ व बीपीएम | Prabhat Khabar Network

फीता काटते बीडीओ व बीपीएम | Prabhat Khabar Network

विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले के दौरान काँवरियों की सुविधा के लिए बांका जिले में 'दीदी की रसोई' की शुरुआत की गई है. जीविका दीदियों द्वारा संचालित यह केंद्र सरकारी दर पर शुद्ध, पौष्टिक भोजन और नाश्ता उपलब्ध कराएगा.

विज्ञापन

Banka News: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला के दौरान बाबा बैद्यनाथ धाम जाने वाले कांवरियों की सुविधा के लिए बांका जिले के चांदन प्रखंड में ‘दीदी की रसोई’ की शुरुआत कर दी गई है. कांवरिया पथ स्थित गोड़ियारी टेंट सिटी में जीविका दीदियों द्वारा संचालित इस रसोई केंद्र का उद्घाटन शनिवार को चांदन बीडीओ अजेश कुमार, जीविका बीपीएम आशीष कुमार सिंह और डॉ. शशिकांत कुमार ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया.

श्रावणी मेले के दौरान हजारों श्रद्धालु इस मार्ग से होकर देवघर की ओर जाते हैं. ऐसे में स्वच्छ, पौष्टिक और उचित मूल्य पर भोजन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से इस पहल को शुरू किया गया है.

सरकारी दर पर मिलेगा भोजन, चाय और नाश्ता

उद्घाटन के बाद बीडीओ अजेश कुमार ने बताया कि ‘दीदी की रसोई’ में कांवरियों को शुद्ध और स्वादिष्ट भोजन सरकारी निर्धारित दर पर उपलब्ध कराया जाएगा. इसके साथ ही चाय, पानी, नाश्ता और अन्य आवश्यक खाद्य सामग्री की भी व्यवस्था की गई है, ताकि लंबी पैदल यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं को राहत मिल सके.

उन्होंने कहा कि इस पहल से न केवल कांवरियों को बेहतर सुविधा मिलेगी, बल्कि स्थानीय जीविका दीदियों को भी रोजगार और आत्मनिर्भरता का अवसर प्राप्त होगा.

Banka News: जीविका दीदियों की महत्वपूर्ण भूमिका

कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में जीविका समूह की महिलाएं मौजूद रहीं. रसोई संचालन की पूरी जिम्मेदारी जीविका दीदियों को सौंपी गई है, जो स्वच्छता और गुणवत्ता के मानकों का पालन करते हुए भोजन तैयार करेंगी.

स्थानीय प्रशासन का मानना है कि श्रावणी मेले जैसे बड़े धार्मिक आयोजन में महिला स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी सेवा और रोजगार दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण है. इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलेगा और श्रद्धालुओं को भरोसेमंद भोजन सुविधा उपलब्ध होगी.

Also Read: Bypass Project In Bihar: बिहार को मिलेंगे 7 नए बाइपास, लंबी दूरी के लिए मिलेगा वैकल्पिक रूट, जानिए कहां-कहां बनेंगे

Also Read: Akash Deep Mukesh Kumar DSP: ऐसा नहीं करने पर क्रिकेटर आकाशदीप और मुकेश की नौकरी पड़ सकती है खतरे में, जानिए क्या है शर्त



विज्ञापन
दीपक चौधरी

लेखक के बारे में

By दीपक चौधरी

दीपक चौधरी प्रिंट माध्यम में 23 वर्षों से और डिजिटल माध्यम में पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. कटोरिया (बांका) क्षेत्र में काम कर रहे हैं. सामाजिक गतिविधि, खेल, इतिहास और राजनीतिक गतिविधियों की खबरों में रुचि रखते हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन