कोहरे के बीच घरों में दुबके रहे लोग

Published at :06 Dec 2016 5:39 AM (IST)
विज्ञापन
कोहरे के बीच घरों में दुबके रहे लोग

परिवर्तन. तेजी से बदल रहा मौसम का मिजाज, पूरे दिन सड़कों पर पसरा रहा सन्नाटा, अलाव का लोगों ने लिया सहारा औरंगाबाद शहर : औरंगाबाद जिले में लगातार दूसरे दिन मौसम की लुकाछिपी से लोग परेशान रहें. एकाएक गिरे पारा ने लोगों को पहली बार भयानक ठंड का एहसास कराया. सुबह से ही हर इलाका […]

विज्ञापन

परिवर्तन. तेजी से बदल रहा मौसम का मिजाज, पूरे दिन सड़कों पर पसरा रहा सन्नाटा, अलाव का लोगों ने लिया सहारा

औरंगाबाद शहर : औरंगाबाद जिले में लगातार दूसरे दिन मौसम की लुकाछिपी से लोग परेशान रहें. एकाएक गिरे पारा ने लोगों को पहली बार भयानक ठंड का एहसास कराया. सुबह से ही हर इलाका कुहासे की चादर में लिपटा हुआ नजर आया. लगभग सात घंटे बाद थोड़ी देर के लिए सूर्य का दर्शन हुए, लेकिन शाम होते ही चारों तरफ कुहासे की चादर फिर से तन गयी.
इसके कारण लोग ऊनी कपड़ों में लिपटे नजर आये. ठंड के बढने से जगह-जगह अलाव लगने का सिलसिला भी शुरू हो गया है. सोमवार की अहले सुबह से लगभग 11 बजे तक रिमझिम फुहारों की तरह ओस का गिरना जारी रहा. खुले वाहनों पर सवार लोग ओस भी भिंगते नजर आये. कुछ ऐसा ही हाल स्कूली बच्चों का भी दिखा
. ओस की फुहारों के बीच बच्चे स्कूल की ओर जाते नजर आये. शहर की स्थिति यह थी कि दोपहर बारह बजे तक सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा और लोग ऊनी कपड़े में सिमटे रहे. औरंगाबाद जिले का तापमान 20 डिग्री सेल्सियस आंका गया. मौसम विभाग की मानें तो आगे भी यह स्थिति बनी रहेगी.
ठंड से भाजपा नेता के पिता की मौत, तीन हादसे में सात जख्मी : ठंड ने आम लोगों पर कहर बरसाना शुरू कर दिया है. इससे सबसे ज्यादा प्रभावित वे हैं जिन्हें तन ढंकने के लिए कपड़े भी मयस्सर नहीं है. अहले सुबह कई जगहों पर फुटपाथ पर रहनेवाले गरीबों को कागज के टूकड़े जला कर आग तापते देखा गया. इधर, इस ठंड से कमात गांव निवासी व भाजपा के पूर्व महामंत्री युगल किशोर सिंह के पिता मुंद्रिका सिंह की मौत हो गयी है. हालांकि, इसकी प्रशासनिक तौर पर इसकी पुष्टि नही हो पायी है, लेकिन पता चला कि मुंद्रिका सिंह रविवार की रात बारात से लौटे थे कि अचानक उनकी तबीयत खराब हो गयी.
सुबह के वक्त लोगों ने इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डाॅ राजकुमार प्रसाद की मानें, तो उन्हें ठंड लगने की शिकायत थी. हालांकि, यह भी जानकारी मिली है कि हृदय गति रूकने से उनकी हालत बिगड़ी.
कागज के टुकड़े जला कर फुटपाथी गरीबों ने काटी सर्द रात
हाइवे पर घने कोहरे के बीच चले वाहन.
ठंड में बरतें पूरी सावधानी, बगैर डॉक्टर की सलाह न लें कोई दवा
ठंड के कारण आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है. शहर के अस्पतालों में मरीजों की भीड लग गयी है. ऐसे में सावधानी ही बचाव है. ठंड से बचने के लिये टोपी, मॉफलर, ऊनी जुराबे, ग्लब्स, जैकेट पहनें. साथ ही, समय पर ताजा भोजन का इस्तेमाल करें. पानी को गर्म कर पीयें. इस मौसम में ऐसी खुराक लें, जिसमें हाइ प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट हो. सर्दियोे में ठंड से बचने के लिए आग का सहारा लें. किसी भी बीमारी में डॉक्टर के सलाह के बिना दवाई न लें. ठंडी चीजों का प्रयोग न करें.
ऊनी कपड़ों की खरीदारी में जुटे लोग
ठंड की इस मौसम में गर्म कपड़े की बेहद जरूरत है. ऐसे में प्रतिष्ठान्नों में भीड़ लगना कोई बड़ी बात नहीं है. शहर के सीटी लाइफ मार्ट में अधिकांश लोगों को गर्म कपड़े की खरीदारी करते देखा गया. सिटी लाइफ के मैनेजर परवेज ने बताया कि गर्म कपड़ों के प्रति लोग आकर्षित हो रहे हैं और ठंड से बचाव के लिये वह बेहद जरूरी है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन