अरवल सदर अस्पताल में शुरू हुई नई जांच, अब शुरुआती चरण में ही होगी टीबी संक्रमण की पहचान

Updated:
विज्ञापन
टीबी मरीजों के संपर्क में रहने वाले लोगों की होगी विशेष जांच

सदर अस्पताल

अरवल सदर अस्पताल में अब CY TB स्किन टेस्ट के ज़रिए टीबी संक्रमण का समय रहते पता लगाया जाएगा. टीबी मरीजों के संपर्क में रहने वाले लोगों की स्क्रीनिंग कर टीपीटी दवा दी जाएगी.

विज्ञापन

अरवल सदर अस्पताल स्थित जिला यक्ष्मा केंद्र में अब सीवाई टीबी स्किन टेस्ट के माध्यम से टीबी संक्रमण की पहचान की जा रही है. जिले में पहली बार शुरू की गई इस जांच के तहत टीबी मरीजों के संपर्क में रहने वाले लोगों की स्क्रीनिंग कर संक्रमण का समय रहते पता लगाया जाएगा. इससे टीबी की रोकथाम और उपचार को और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी.

टीबी मरीजों के संपर्क में रहने वालों की होगी जांच

राष्ट्रीय यक्ष्मा उन्मूलन कार्यक्रम के जिला नोडल पदाधिकारी डॉ नंद बिहारी शर्मा ने बताया कि टीबी मरीजों के साथ रहने वाले परिजनों में संक्रमण का खतरा अधिक रहता है. इसी को ध्यान में रखते हुए सीवाई टीबी स्किन टेस्ट शुरू किया गया है. इस जांच से यह पता लगाया जाता है कि संबंधित व्यक्ति के शरीर में टीबी का बैक्टीरिया मौजूद है या नहीं.

पॉजिटिव रिपोर्ट आने पर मिलेगी टीपीटी दवा

डॉ शर्मा ने बताया कि स्वास्थ्य कर्मी त्वचा पर विशेष सॉल्यूशन के माध्यम से यह जांच करते हैं और इसकी रिपोर्ट 24 से 48 घंटे के भीतर मिल जाती है. यदि रिपोर्ट पॉजिटिव आती है तो संबंधित व्यक्ति को टीबी प्रिवेंटिव ट्रीटमेंट (टीपीटी) दवा दी जाएगी, जिससे भविष्य में टीबी संक्रमण होने की संभावना को काफी हद तक कम किया जा सकेगा.

48 से 72 घंटे में तय होगा संक्रमण का स्तर

उन्होंने बताया कि यह जांच त्वचा पर छोटे इंजेक्शन के जरिए की जाती है. 48 से 72 घंटे के भीतर यदि इंड्यूरेशन 5 मिमी या उससे अधिक पाया जाता है तो व्यक्ति को टीबी संक्रमित मानते हुए टीपीटी दवा दी जाएगी. वहीं, यदि इंड्यूरेशन 5 मिमी से कम रहता है तो व्यक्ति को असंक्रमित मानते हुए करीब डेढ़ महीने बाद दोबारा जांच की जाएगी. उन्होंने बताया कि टीबी मरीजों के परिवार के सभी सदस्यों की शत-प्रतिशत स्क्रीनिंग सुनिश्चित की जाएगी.

टीबी मरीजों की सहायता राशि बढ़ाकर 1000 रुपये की गई

डॉ नंद बिहारी शर्मा ने बताया कि टीबी मरीजों को मिलने वाली नकद सहायता राशि 500 रुपये से बढ़ाकर 1000 रुपये कर दी गई है. इससे मरीजों को बेहतर पोषण और इलाज के दौरान आर्थिक सहयोग मिलेगा. उन्होंने लोगों से समय पर जांच कराने और स्वास्थ्य विभाग की सेवाओं का लाभ उठाने की अपील की.

जिले को मिली 120 वाइल, सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर भेजी गई

जिला समन्वयक दीपक कुमार ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से प्रथम चरण में 120 वाइल उपलब्ध कराई गई हैं. एक वाइल से 10 लोगों की जांच की जा सकती है. सभी किट जिले के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर भेज दी गई हैं, ताकि टीबी मरीजों के संपर्क में रहने वाले लोगों की समय पर जांच कर संक्रमण की पहचान की जा सके.

अरवल में टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा, डीएम ने स्क्रीनिंग और जांच में तेजी के दिए निर्देश


विज्ञापन
Nishikant Kumr

लेखक के बारे में

By Nishikant Kumr

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन