DSP बनते ही आकाशदीप-मुकेश कुमार के सामने नई शर्त, 5 साल तक करना होगा ये काम
क्रिकेटर आकाशदीप और मुकेश कुमार (एक्स)
बिहार सरकार ने क्रिकेटरों आकाशदीप और मुकेश कुमार को DSP नियुक्त किया है. इसके तहत दोनों खिलाड़ियों के लिए पांच साल तक क्रिकेट खेलने की शर्त रखी गई है, साथ ही सेवा से जुड़ी शर्तों के तहत बॉन्ड भी लागू किया गया है.
Akash Deep DSP Bihar Police: भारतीय क्रिकेट में बिहार का नाम रोशन करने वाले तेज गेंदबाज आकाशदीप और मुकेश कुमार अब क्रिकेट के मैदान के साथ-साथ बिहार पुलिस में भी अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं. बिहार सरकार ने दोनों अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटरों को पुलिस उपाधीक्षक (DSP) के पद पर नियुक्त किया है. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जुलाई में आयोजित कार्यक्रम में दोनों समेत 19 खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपे थे. हालांकि, खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी देने की इस पहल के साथ सरकार ने एक अहम शर्त भी रखी है. खेल कोटे के तहत सरकारी सेवा में आने वाले खिलाड़ियों को पांच साल तक सक्रिय खिलाड़ी के रूप में खेल प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेना होगा. इसके लिए नियुक्ति पाने वाले खिलाड़ियों से बॉन्ड लिया जा रहा है. यानी सरकारी नौकरी हासिल करने के बाद क्रिकेट से पूरी तरह दूरी बनाना उनके लिए आसान नहीं होगा.
पांच साल तक क्रिकेट से जुड़े रहना होगा
बिहार सरकार की उत्कृष्ट खिलाड़ियों की सीधी नियुक्ति से जुड़ी 2026 की नियमावली के तहत नियुक्त होने वाले खिलाड़ियों के लिए यह शर्त रखी गई है कि उन्हें नौकरी ज्वाइन करने की तारीख से अगले पांच वर्षों तक सक्रिय खिलाड़ी के तौर पर प्रतियोगिताओं में भाग लेना होगा. सरकारी सेवा में रहते हुए उनका खेल से जुड़ाव बना रहना अनिवार्य होगा. इसका सीधा मतलब है कि आकाशदीप और मुकेश कुमार के लिए DSP की सरकारी नौकरी और उनका क्रिकेट करियर अगले पांच वर्षों तक एक-दूसरे से जुड़े रहेंगे. यदि कोई खिलाड़ी निर्धारित शर्तों के मुताबिक सक्रिय खेल प्रतियोगिताओं में हिस्सा नहीं लेता है, तो उसकी सेवा स्थायी किए जाने में समस्या आ सकती है.
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शर्त टूटी तो नौकरी पर संकट
बॉन्ड की सबसे महत्वपूर्ण बात यही है कि सरकारी नौकरी पाने के बाद खिलाड़ी को खेल से पूरी तरह संन्यास लेने या प्रतियोगिताओं से लंबे समय तक अलग रहने की स्थिति में नियमों का सामना करना पड़ सकता है. नियमों के मुताबिक पांच साल की अवधि में सक्रिय खिलाड़ी बने रहना जरूरी है. शर्त पूरी नहीं करने पर सेवा स्थायी नहीं की जाएगी. यानी यह नियुक्ति सिर्फ उपलब्धियों के सम्मान के तौर पर दिया गया पद नहीं है, बल्कि इसके साथ खिलाड़ियों की खेल गतिविधियों को जारी रखने की जिम्मेदारी भी जुड़ी हुई है. सरकार की इस व्यवस्था का उद्देश्य खिलाड़ियों को सरकारी सुरक्षा देने के साथ-साथ उन्हें खेल के मैदान से जोड़े रखना माना जा रहा है.
‘मेडल लाओ, नौकरी पाओ’ नीति के तहत मिली नियुक्ति
आकाशदीप और मुकेश कुमार की नियुक्ति बिहार की ‘मेडल लाओ, नौकरी पाओ’ नीति के तहत हुई है. जुलाई में पटना के ऊर्जा ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दोनों क्रिकेटरों सहित 19 खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपे थे. बिहार सरकार ने उत्कृष्ट खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने और राज्य के युवाओं को खेल के प्रति आकर्षित करने के उद्देश्य से यह व्यवस्था लागू की है. आकाशदीप और मुकेश कुमार को उनकी अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियों के आधार पर सीधे DSP पद पर नियुक्त किया गया.
दोनों क्रिकेटर फिलहाल टीम इंडिया से बाहर
दिलचस्प बात यह है कि दोनों तेज गेंदबाज इस समय भारतीय टीम से बाहर चल रहे हैं. दोनों खिलाड़ियों को चोट की वजह से आगामी श्रीलंका टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में जगह नहीं मिली है. आकाशदीप ने 2024 में इंग्लैंड के खिलाफ रांची टेस्ट से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया था. इसके बाद उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में भारत का प्रतिनिधित्व किया और 2025 में इंग्लैंड दौरे पर भी टीम का हिस्सा रहे. उनका आखिरी टेस्ट मैच 2025 में इंग्लैंड के खिलाफ ओवल में हुआ था. मुकेश कुमार ने 2023 के वेस्टइंडीज दौरे पर भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था. वह तीनों फॉर्मेट में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं. दोनों खिलाड़ी भारत की एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली टीम का भी हिस्सा रहे हैं.
आकाशदीप के लिए DSP की जिम्मेदारी
रोहतास जिले से ताल्लुक रखने वाले आकाशदीप ने बेहद संघर्षपूर्ण परिस्थितियों से निकलकर भारतीय क्रिकेट टीम तक का सफर तय किया. उन्होंने घरेलू क्रिकेट में बंगाल का प्रतिनिधित्व करते हुए अपनी पहचान बनाई और बाद में भारतीय टेस्ट टीम में जगह बनाई. अब उनकी पहचान क्रिकेटर के साथ-साथ बिहार पुलिस के DSP के रूप में भी होगी. हाल ही में दोनों खिलाड़ियों की पुलिस मुख्यालय में ज्वाइनिंग भी हुई है.
मुकेश कुमार की कहानी भी खास
गोपालगंज के रहने वाले मुकेश कुमार ने भी छोटे स्तर से शुरुआत कर भारतीय क्रिकेट टीम तक का सफर तय किया. 2023 में अंतरराष्ट्रीय पदार्पण के बाद उन्होंने तीनों फॉर्मेट में भारत के लिए खेलने का मौका हासिल किया. बिहार सरकार की ओर से DSP पद पर नियुक्ति उनके लिए भी बड़ी उपलब्धि है. अब सरकारी सेवा की जिम्मेदारी के साथ उन्हें अगले पांच वर्षों तक अपने क्रिकेट करियर को भी सक्रिय रखना होगा.
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लेखक के बारे में
By ऋतु राज
ऋतुराज प्रभात खबर डिजिटल में स्पोर्ट्स कंटेंट राइटर हैं. लीची की नगरी मुजफ्फरपुर (बिहार) से ताल्लुक रखने वाले ऋतुराज के पास डिजिटल खेल पत्रकारिता में 1 साल का गहरा अनुभव है. उन्होंने एशिया के प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU) से साल 2025 में मीडिया रिसर्च में मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. खेल की हर छोटी-बड़ी और वायरल होती खबरों पर पैनी नजर रखना उनकी खासियत है. उनका मुख्य लक्ष्य प्रभात खबर के पाठकों तक खेल जगत की हर सटीक और विश्लेषण से भरी खबर सबसे पहले पहुंचाना है. पढ़ने और क्रिकेट खेलने के शौकीन ऋतुराज खेल को सिर्फ कवर नहीं करते, बल्कि उसकी बारीकियों को जीते हैं.
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