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Bhadrapada Masik Shivratri 2024 Date: इस दिन मनाई जाएगी भाद्रपद की मासिक शिवरात्रि, देखें शुभ मुहूर्त

Updated at : 24 Aug 2024 9:41 AM (IST)
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Bhadrapada Masik Shivratri 2024 किस दिन मनाई जाएगी

Bhadrapada Masik Shivratri 2024 किस दिन मनाई जाएगी

Bhadrapada Masik Shivratri 2024: इस साल 01 सितंबर को भाद्रपद माह की शिवरात्रि मनाई जाएगी. ऐसा कहा जाता है कि जो भक्त इस दिन कठिन उपवास का पालन करते हैं, उन्हें शिव-शक्ति का पूर्ण आशीर्वाद प्राप्त होता है.

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Bhadrapada Masik Shivratri 2024 Date: हिंदू धर्म का महत्वपूर्ण पर्व भाद्रपद शिवरात्रि, 1 सितंबर, 2024 को मनाया जाएगा. यह विशेष दिन भगवान शिव, हिंदू त्रिमूर्ति में से एक, को समर्पित है. भक्त इस अवसर पर व्रत रखते हैं, पूजा अनुष्ठान करते हैं और भगवान शिव के आशीर्वाद की कामना करते हैं.

शिवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व अत्यधिक है. यह दिन शिव भक्तों के लिए विशेष होता है, क्योंकि इस दिन भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने का अवसर होता है. शिवरात्रि के दिन व्रत रखने और पूजा करने से पापों का नाश होता है, मनोकामनाएं पूरी होती हैं और आध्यात्मिक उन्नति होती है. मासिक शिवरात्रि के दिन ग्रह पीड़ा दूर करने का बहुत ही उत्तम दिन होता है.

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भाद्रपद की मासिक शिवरात्रि का शुभ मुहूर्त और योग क्या है ?

तिथि: 1 सितंबर, 2024 को तड़के 3 बजकर 40 मिनट से 2 सितंबर, 2024 को सुबह 5 बजकर 21 मिनट तक.
निशिता मुहूर्त: 1 सितंबर को दोपहर 11 बजकर 58 मिनट से रात 12 बजकर 44 मिनट तक.
शुभ योग: परिघ योग प्रातःकाल से शाम 5:50 तक और उसके बाद शिव योग.
नक्षत्र: अश्लेषा नक्षत्र प्रातःकाल से रात 9:49 तक और उसके बाद मघा नक्षत्र.

भाद्रपद की मासिक शिवरात्रि का पूजा विधि और महत्व क्या है ?

शिवलिंग का अभिषेक: गंगाजल, दूध, दही, शहद, घी और शक्कर से शिवलिंग का अभिषेक किया जाता है.
बेल पत्र: बेल पत्र शिवजी को प्रिय है, इसलिए इसे चढ़ाना चाहिए.
धूप-दीप: धूप और दीप जलाकर शिवजी की पूजा की जाती है.
मंत्र जाप: ओम नमः शिवाय मंत्र का जाप किया जाता है.
व्रत: इस दिन व्रत रखने से पापों का नाश होता है और मनोकामनाएं पूरी होती हैं.

भाद्रपद की मासिक शिवरात्रि पर जलाभिषेक का समय क्या है ?

ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 4:29 से 5:14 बजे तक.
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11:55 से 12:46 बजे तक.
पूरे दिन जलाभिषेक किया जा सकता है.
राहुकाल: शाम 5:07 से 6:42 बजे तक.

भाद्रपद की मासिक शिवरात्रि पर ज्योतिषिये उपाय क्या हैं ?

चंद्र दोष


चन्द्रमा दोष दूर करने का यह दिन बहुत शुभ दिन होता है. आपके जन्मकुंडली में चन्द्रमा दूषित है. आपके द्वारा किए गए कार्य में देर से सफलता मिलती है. आपकी मानसिक स्थिती ठीक नही हो मासिक शिवरात्रि के दिन भगवान शिव के पूजन से दोष दूर होते है.

शनि के अशुभ प्रभाव

शनि के अशुभ प्रभाव से परेशान है शिवरात्रि के दिन आप भगवान शिव का पुजन करने तथा अभिषेक करने से शनि के अशुभ दृष्टि से बचा जा सकता है. मनोकामना का पूर्ति होती है.

जन्मकुंडली, वास्तु, तथा व्रत त्यौहार से सम्बंधित किसी भी तरह से जानकारी प्राप्त करने हेतु दिए गए नंबर पर फोन करके जानकारी प्राप्त कर सकते है .

ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा
ज्योतिष वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ
8080426594/9545290847

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Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.

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