ePaper

दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया की तरह झारखंड के बड़े-बड़े मंत्री जायेंगे जेल, बिरंची नारायण बोले

Updated at : 17 Mar 2023 2:24 PM (IST)
विज्ञापन
दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया की तरह झारखंड के बड़े-बड़े मंत्री जायेंगे जेल, बिरंची नारायण बोले

बिरंची नारायण ने कहा कि झारखंड सरकार स्थानीय लोगों और आदिवासियों के हित की बात करती है. जल, जंगल और स्थानीयता की बात इस सरकार के लोग करते हैं. लेकिन, शराब बेचने की जिम्मेदारी झारखंड की किसी एजेंसी को देने की बजाय छत्तीसगढ़ की कंपनी के दे दिया गया.

विज्ञापन

झारखंड विधानसभा के सदस्य बिरंची नारायण ने कहा है कि झारखंड में दिल्ली से भी बड़ा शराब घोटाला हुआ है. उन्होंने सदन के बाहर पत्रकारों को संबोधित करते हुए झारखंड सरकार की शराब नीति पर सवाल उठाये. उन्होंने कहा कि इसमें बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई. अगर इसकी निष्पक्ष जांच करायी जाये, तो यह दिल्ली में हुए शराब घोटाले से भी बड़ा घोटाला साबित होगा.

झारखंड नहीं, छत्तीसगढ़ की कंपनी को दी शराब बेचने की जिम्मेदारी

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता बिरंची नारायण ने शुक्रवार को कहा कि झारखंड सरकार स्थानीय लोगों और आदिवासियों के हित की बात करती है. जल, जंगल और स्थानीयता की बात इस सरकार के लोग करते हैं. लेकिन, शराब बेचने की जिम्मेदारी झारखंड की किसी एजेंसी को देने की बजाय छत्तीसगढ़ की कंपनी के दे दिया गया.

Also Read: झारखंड में 31 मार्च के बाद से नयी प्लेसमेंट एजेंसी बेचेगी शराब, 2 अन्य जोन के लिए टेंडर किया जाएगा जारी
शराब बेचने वाली एजेंसी ने की भारी अनियमितता

उन्होंने कहा कि झारखंड की सरकार ने एक ऐसी कंपनी को शराब बेचने का काम दे दिया, जिसने यहां आकर खुद से होलोग्राम छपवाना शुरू कर दिया. इतना ही नहीं, आधा शराब और आधा पानी डालकर बोतल पैक करने लगी. 1500 रुपये की शराब को 3000 रुपये में बेचना शुरू कर दिया. यह सब किसके कहने पर हुआ. आखिर कंपनी ने किसके कहने पर दोगुनी नयी दरें तय कर दी.

690 करोड़ के राजस्व घाटा का मामला नहीं, हजारों करोड़ का है घोटाला

भाजपा विधायक ने कहा कि यह कागज पर हुए घोटाला से भी बड़ा है घोटाला. सिर्फ 690 करोड़ रुपये कम राजस्व मिलने का मामला नहीं है. अगर इस मामले की जांच हो जाये, तो हजारों करोड़ रुपये का घोटाला साबित होगा. दिल्ली शराब घोटाला मामले में जैसे मनीष सिसोदिया आज जेल में चक्की पीस रहे हैं, झारखंड में भी बड़े-बड़े लोग जेल में चक्की पीसेंगे.

Also Read: झारखंड सरकार ने शराब के राजस्व का लक्ष्य घटाया, अब केवल 2050 करोड़ ही करना होगा प्राप्त
सरकार के शीर्ष पर बैठे लोगों के संरक्षण में हुआ घोटाला

उन्होंने कहा, ‘मेरा सीधा-सीधा आरोप है कि सरकार के शीर्ष पर बैठे लोगों के संरक्षण में यह घोटाला हुआ है. शीर्ष स्थल पर बैठे लोगों का इसे संरक्षण प्राप्त है. यहां तक कि बिरंची नारायण ने सीधे-सीधे मुख्यमंत्री के स्तर के लोगों का संरक्षण प्राप्त है. साथ ही बिरंची नारायण ने सलाह दी कि लोग होटवार जेल में ठीक-ठाक कमरा बनवा लें, ताकि जब जेल जाना पड़े, तो आराम से वहां समय बीत सके.

विज्ञापन
Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola