संसद में हंगामे के बीच दो अहम विधेयक पास; किरेन रिजिजू बोले- कांग्रेस को राह दिखाने वाला कोई नहीं

Updated:
विज्ञापन

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ( स्रोत- एएनआई )

WhatsApp चैनल से जुड़ेंगूगल पर प्रभात खबर चुनें

संसद के मानसून सत्र में सोमवार को भारी हंगामे के बीच दो महत्वपूर्ण विधेयक पारित हो गए. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस के सांसद पूरी तरह भटक गए हैं.

विज्ञापन

संसद के मानसून सत्र में सोमवार को भारी हंगामे के बीच दो महत्वपूर्ण विधेयक पारित हो गए. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के सांसद कांग्रेस के सांसद दिशाहीन हो गए हैं. किरेन रिजिजू ने कहा कि संसद में शोर- शराबे दोनों बिल पास हो गए. पहला बिल सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़ाने वाला सुप्रीम कोर्ट (जजों की संख्या) संशोधन विधेयक, 2026 पारित किया और दूसरा राज्यसभा ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) विकास संशोधन विधेयक, 2026 को मंजूरी दे दी. उन्होंने कहा कि विपक्ष के विरोध और नारेबाजी के कारण दोनों सदनों में सामान्य चर्चा नहीं हो सकी.

विज्ञापन

महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा जरूरी थी

किरेन रिजिजू ने कहा कि विपक्ष की अपनी मांगें हो सकती हैं, लेकिन राष्ट्रीय महत्व के विधेयकों पर चर्चा से बचना लोकतांत्रिक परंपराओं के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि सरकार चाहती थी कि सभी दलों के सांसद इन विधेयकों पर अपनी राय रखें, लेकिन विपक्ष ने पूरे समय हंगामा किया। उन्होंने इसे संसद की कार्यवाही के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताया।

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि कांग्रेस के सांसद "पूरी तरह भटक गए हैं" और उन्हें सही दिशा दिखाने वाला कोई नेता नहीं बचा है. उन्होंने कहा कि उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से भी सांसदों को समझाने का आग्रह किया था, लेकिन कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकला.

विपक्ष के विरोध के बीच राज्यसभा में एमएसएमई बिल पास

राज्यसभा में विपक्षी सांसद गृह मंत्री अमित शाह की अनुपस्थिति और दिल्ली में छात्र प्रदर्शनकारियों पर पुलिस कार्रवाई के मुद्दे को लेकर लगातार नारेबाजी करते रहे. इसी शोर-शराबे के बीच केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने एमएसएमई विकास (संशोधन) विधेयक, 2026 को सदन में पारित कराया. यह विधेयक 29 जुलाई को राज्यसभा में पेश किया गया था.

एमएसएमई सेक्टर को मिलेगा फायदा

केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा कि इस संशोधन का उद्देश्य एमएसएमई क्षेत्र की मौजूदा चुनौतियों को दूर करना, प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना, कारोबार में आसानी बढ़ाना और भरोसे पर आधारित नियामक व्यवस्था विकसित करना है. सरकार का दावा है कि इससे छोटे और मध्यम उद्योगों को भुगतान, अनुपालन और व्यवसाय संचालन में राहत मिलेगी.

सुप्रीम कोर्ट में बढ़ेंगे चार नए जज

लोकसभा से पारित सुप्रीम कोर्ट (जजों की संख्या) संशोधन विधेयक, 2026 के तहत सर्वोच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की स्वीकृत संख्या 33 से बढ़ाकर 37 की जाएगी. इसमें भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) की संख्या शामिल नहीं है. सरकार का कहना है कि इससे लंबित मामलों के तेजी से निपटारे में मदद मिलेगी और न्यायिक व्यवस्था पर बढ़ते बोझ को कम किया जा सकेगा. संसद में इन दोनों विधेयकों के पारित होने के साथ ही सरकार और विपक्ष के बीच टकराव भी एक बार फिर खुलकर सामने आ गया.

ये भी पढ़ें: साइकेट्रिस्ट ने 5वीं मंजिल से कूदकर दी जान, परिवार का दावा- तलाक के बाद मानसिक तनाव में थी


विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola