उमर अब्दुल्ला बोले- 2019 में धारा 370 नहीं हटती तो..., जानिए PM मोदी को लेकर क्या कहा

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स्वतंत्रता दिवस की स्पीच के दौरान उमर अब्दुल्ला

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जम्मू-कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला ने स्वतंत्रता दिवस पर बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि 2019 में धारा 370 नहीं हटती तो पाक अधिकृत कश्मीर के लोग भारत से जुड़ने की मांग कर रहे होते.

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जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शनिवार को स्वतंत्रता दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार के 2019 के फैसलों को लेकर बड़ा बयान दिया. श्रीनगर में स्वतंत्रता दिवस समारोह को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अगर 2019 में जम्मू-कश्मीर से धारा 370 नहीं हटी होती तो स्थिति कुछ और हो सकती थी. उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर से संवैधानिक स्थिति में बदलाव कर राज्य का दर्जा नहीं हटाया गया होता तो PoK के लोग आज जम्मू-कश्मीर से जुड़ने की मांग कर रहे होते.

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'2019 में हालात नहीं बदले होते तो PoK में उठती जुड़ने की मांग'

उमर अब्दुल्ला ने कहा कि नियंत्रण रेखा (LoC) के उस पार जम्मू-कश्मीर के हिस्से की स्थिति को देखकर उन्हें दर्द और चिंता होती है. उन्होंने कहा कि अगर 2019 में जम्मू-कश्मीर की परिस्थितियां नहीं बदली गई होतीं, तो शायद PoK के लोग आज भारत के जम्मू-कश्मीर के साथ दोबारा जुड़ने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे होते.

हालांकि पाक अधिकृत कश्मीर के कई जिलों से प्रदर्शन की घटनाएं सामने आ रही हैं. वहां के लोग अपनी बुनियादी जरूरतों के लिए आवाज उठा रहे हैं. साथ ही महंगाई, रोजगार जैसे कई मुद्दे हैं, जिसपर पाकिस्तान सरकार का ध्यान नहीं है, जिसे ठीक करने की मांग को लेकर जुलाई के अंत से प्रदर्शन तेज हो गए हैं.

'PoK के लोग हमारे अपने, विधानसभा में सीटें भी आरक्षित'

मुख्यमंत्री ने कहा कि PoK का हिस्सा जम्मू-कश्मीर का है और वहां रहने वाले लोगों को वे अपना मानते हैं. उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर विधानसभा में PoK के लिए सीटें अब भी आरक्षित हैं. उन्होंने कहा कि इन खाली सीटों को इस उम्मीद के साथ रखा गया है कि एक दिन PoK के लोग जम्मू-कश्मीर विधानसभा में आकर उनका इस्तेमाल कर सकेंगे.

राज्य का दर्जा बहाल करने का दोहराया संकल्प

उमर अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग दोहराई. उन्होंने कहा कि उनकी सरकार राज्य का दर्जा और अन्य संवैधानिक गारंटी बहाल कराने के लिए प्रतिबद्ध है. उन्होंने कहा कि उनकी सरकार जम्मू-कश्मीर के लोगों के साथ है और उस भविष्य के लिए काम करती रहेगी जिसकी कल्पना आजादी के लिए लड़ने और बलिदान देने वालों ने की थी.

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