मलकानगिरी में लगातार कमजोर हो रहे हैं माओवादी ?

Published at :24 Oct 2016 2:03 PM (IST)
विज्ञापन
मलकानगिरी में लगातार कमजोर हो रहे हैं माओवादी ?

विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) : आंध्र प्रदेश और ओडिशा बॉर्डर पर सोमवार सुबह हुए मुठभेड़ में 23 माओवादी मारे गए हैं. इस मुठभेड़ में दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं. दोनों राज्यों की पुलिस टीम ने एक ज्वाइंट ऑपरेशन के तहत इस मुठभेड़ को अंजाम दिया. जानकारी के मुताबिक, 50 से 60 माओवादी मलकानगिरी से 10 […]

विज्ञापन

विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) : आंध्र प्रदेश और ओडिशा बॉर्डर पर सोमवार सुबह हुए मुठभेड़ में 23 माओवादी मारे गए हैं. इस मुठभेड़ में दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं. दोनों राज्यों की पुलिस टीम ने एक ज्वाइंट ऑपरेशन के तहत इस मुठभेड़ को अंजाम दिया. जानकारी के मुताबिक, 50 से 60 माओवादी मलकानगिरी से 10 किलोमीटर दूर एक इलाके में बैठक के लिए पहुंचे थे.

यह दूसरी बार है जब सुरक्षाबलों को मलकानगिरी में इतनी बड़ी सफलता हाथ लगी है. इससे पहले सितंबर 2013 में सुरक्षाबलों ने एक ऑपरेशन को अंजाम देते हुए 13 माओवादियों को मार गिराया था. पुलिस और माओवादियों के बीच यह मुठभेड़ जिले के पोडिया ब्लॉक में हुआ था.

माओवादियों का स्ट्रांग होल्ड मलकानगिरी
इस इलाके को माओवादियों के स्ट्रांग होल्ड के रूप में पहचाना जाता है लेकिन गत एक वर्षों में यहां माओवादियों की संख्‍या घट गई है. यहां माओवादी समर्थक सरेंडर कर रहे हैं. संगठन के कई लड़ाके भी सरेंडर कर चुके हैं. ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं कि माओवादी मलकानगिरी को अन्य इलाकों से काटने के लिए आज एकत्रित हुए थे ताकि वे यहां अपने गढ़ को मजबूती प्रदान कर सके.

चित्रकोंडा जलाशयपरमाओवादियों काबर्चास्व
चित्रकोंडा जलाशय माओवादियों का गढ़ है. एक अक्टूबर को माआवोदियों ने यहां से कई नावों को हाईजैक कर लिया था ताकि जंत्री गांव में होने वाली बैठक को खतरा न हो जहां उनकी संख्‍या लगातार घट रही है. चित्रकोंडा जलाशय में माआवोदियों का बर्चास्व इसलिए है क्योंकि यहां आवागमन की सुविधा न के बराबर है.

गुरूप्रिया ब्रिज का निर्माण
सरकार की ओर से यहां के 150 गांवों को जोड़ने के लिए गुरूप्रिया ब्रिज का निर्माण कराया जा रहा है जिसका माओवादी विरोध कर रहे हैं लेकिन सुरक्षाबलों की देखरेख में ब्रिज का निर्माण चालू हैं. ब्रिज के निर्माण से माओवादी चिंतित है. यदि इसब्रिजका निर्माण हो जाता है तो वहां एक बार फिर शांति कायम करने में मदद होगी.

29 जून 2008 की घटना
आपको बता दें कि यहां 29 जून 2008 माओवादियों ने घात लगाकर अलामपका जलाशय में 38 लोगों को मौत के घाट उतार दिया था जिसमें 35 आंध्र प्रदेश के ग्रेहाउंड के जवान शामिल थे.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola