ePaper

चावल आपूर्ति की अवधि अब 14 सितंबर तक

Updated at : 31 Aug 2025 10:03 PM (IST)
विज्ञापन
चावल आपूर्ति की अवधि अब 14 सितंबर तक

पैक्स और मिल संचालकों के लिए राहत की खबर है. भारत सरकार के उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने खरीफ वर्ष 2024-25 के तहत धान कुटाई और केंद्रीय भंडार (सीएमआर) आपूर्ति की अवधि बढ़ाने की मंजूरी दे दी है. अब धान कुटाई और सीएमआर आपूर्ति 14 सितंबर तक की जा सकेगी.

विज्ञापन

प्रतिनिधि, सीवान. पैक्स और मिल संचालकों के लिए राहत की खबर है. भारत सरकार के उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने खरीफ वर्ष 2024-25 के तहत धान कुटाई और केंद्रीय भंडार (सीएमआर) आपूर्ति की अवधि बढ़ाने की मंजूरी दे दी है. अब धान कुटाई और सीएमआर आपूर्ति 14 सितंबर तक की जा सकेगी. मंत्रालय की ओर से जारी पत्र में साफ कहा गया है कि इस बार धान की संयुक्त भौतिक जांच सभी मिलों में अनिवार्य रूप से होगी. यदि पैक्स या व्यापार मंडल के गोदामों में धान रखा है तो वहां भी जांच होगी. साथ ही राज्य सरकार को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है कि परिवहन के लिए जीपीएस से लैस वाहनों का इस्तेमाल किया जाए और इन्हें वाहन सारथी प्रणाली से जोड़ा जाए, ताकि पारदर्शिता बनी रहे और गड़बड़ियों पर रोक लगे. सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि चावल की आपूर्ति कास्ट शीट और एफएक्यू मानकों के अनुरूप ही होनी चाहिए. एफसीआइ को फील्ड स्तर पर निगरानी की जिम्मेदारी दी गई है. हर मिल से तय समय में सीएमआर आपूर्ति पूरी होनी चाहिए और 14 सितंबर के बाद कोई धान या चावल लंबित नहीं रहना चाहिए.इसके अलावा, चावल आपूर्ति के समय एज टेस्ट भी अनिवार्य रूप से कराया जाएगा. मंत्रालय ने कहा है कि जिन मिलों पर पहले धान या चावल की कमी पाई गई थी, उन पर हुई कार्रवाई की रिपोर्ट भी अनिवार्य रूप से उपलब्ध करानी होगी.यह फैसला पैक्स और मिल मालिकों दोनों के लिए राहत भरा है.सरकार ने साफ किया है कि तय अवधि में धान की कुटाई और चावल की आपूर्ति पूरी करना ही सभी की प्राथमिक जिम्मेदारी होगी. इससे पहले केंद्र सरकार ने राज्य के अनुरोध पर 15 जून की अंतिम तिथि को बढ़ाकर 10 अगस्त किया था. उस समय तक भी शत प्रतिशत चावल नहीं जमा हो पाया था. इसके बाद समय सीमा विस्तार करने के लिए राज्य सरकार ने केंद्र को पत्र लिखा गया था. दूसरी ओर नई दिल्ली में सीवान सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक के अध्यक्ष और पूर्व विधान परिषद सदस्य मनोज कुमार सिंह सहित बिहार से गए एक प्रतिनिधिमंडल ने सहकारिता क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे को लेकर केंद्रीय मंत्री प्रहलाद जोशी से भेंट किया था. इस मुलाकात के दौरान प्रतिनिधियों ने सीएमआर को राज्य खाद्य निगम में गिराने की अवधि बढ़ाने का आग्रह किया था. इसके बाद ही समय सीमा विस्तार किया गया है. बताया गया था कि अभी भी कई पैक्स का सीएमआर शेष है. यदि समय बढ़ा दिया जाता है, तो पैक्स अपनी जिम्मेदारियों को पूरा कर सकेंगी और बैंकों को भी किसी प्रकार का नुकसान नहीं उठाना पड़ेगा. साथ ही पैक्स समय पर आगामी खरीफ और रबी सीजन की तैयारियों में जुट सकेंगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
DEEPAK MISHRA

लेखक के बारे में

By DEEPAK MISHRA

DEEPAK MISHRA is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola