ePaper

अल्बेंडाजोल गोली खिलाने का दिया गया प्रशिक्षण

Updated at : 12 Sep 2025 4:00 PM (IST)
विज्ञापन
अल्बेंडाजोल गोली खिलाने का दिया गया प्रशिक्षण

<P><H2>16 सितंबर को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस व 19 सितंबर को मॉप-अप दिवस </H2></P><H2>प्रतिनिधि, रामपुर.</H2><P>प्रखंड मुख्यालय स्थित पीएचसी सभागार भवन में 16 सितंबर को होने वाले राष्ट्रीय कृमि मुक्ति

विज्ञापन

16 सितंबर को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस व 19 सितंबर को मॉप-अप दिवस

प्रतिनिधि, रामपुर.

प्रखंड मुख्यालय स्थित पीएचसी सभागार भवन में 16 सितंबर को होने वाले राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस और 19 सितंबर को मॉप-अप दिवस को लेकर क्षेत्र की सभी आशा, आशा फेसिलिटेटर व सभी आंगनबाड़ी सेविकाओं को शुक्रवार को दो प्रशिक्षकों ने बारी बारी से अल्बेंडाजोल गोली खिलाने का प्रशिक्षण दिया. जिला से आये प्रशिक्षक जिला समन्वयक दीपक चौरसिया ने प्रशिक्षण के दौरान बताया कि बच्चों में कृमि संक्रमण, व्यक्तिगत अस्वच्छता व संक्रमित दूषित मिट्टी के संपर्क से होता है. कृमि संक्रमण से बच्चों के पोषण व हीमोग्लोबिन स्तर पर दुष्प्रभाव पड़ता है, जिससे बच्चों का शारीरिक एवं बौद्धिक विकास बाधित होता है. भारत सरकार के दिशा निर्देशानुसार एक से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों को कृमि मुक्त अल्बेंडाजोल 400 एमजी को एक पूरी गोली देनी है, जो चबाकर खाने वाली गोली है. शिक्षकों की उपस्थिति में सभी बच्चों को खाना खाने के बाद यह गोली खिलानी है. इसके बाद बच्चों को आधा घंटे तक धूप में नहीं जाने देना है. जो बच्चे बीमार हैं या कोई अन्य दवाई ले रहे हैं, उन्हें कृमि नियंत्रण की दवा न खिलाएं. दवा खिलाने से पूर्व यह सुनिश्चित करें कि बच्चे में सर्दी, खांसी, बुखार व सांस लेने में तकलीफ आदि कोई लक्षण तो नहीं है. अगर लक्षण है, तो उन बच्चों को दवा नहीं देनी है. बच्चों को हमेशा दवाई चबाकर पानी के साथ खाने की सलाह दें एवं पीने का पानी साथ रखें. बताया गया कि बिना चबाकर खायी गयी अल्बेंडाजोल दवा का प्रभाव कम होता है और गले में अटक भी सकता है. उसके बाद बीसीएम राकेश कुमार ने बताया कि आप सभी लोग शिक्षक के सामने ही हर बच्चों को दवा खिलायें और दवाई घर न ले जाने दें, जो बच्चे राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के पहले दिन अनुपस्थित हैं या किसी भी कारण छूट जाते हैं, तो उन्हें कार्यक्रम के दौरान मॉप-अप दिवस 19 सितंबर के दिन दवा अवश्य खिलायें और बच्चे के नाम के सामने रजिस्टर पर सही का निशान लगाये. इसके अलावा और भी कई बिंदुओं पर प्रशिक्षण दिया गया. मौके पर सभी आशा, आशा फेसिलिटेटर एवं आंगनबाड़ी सेविकाएं उपस्थित रहीं.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
VIKASH KUMAR

लेखक के बारे में

By VIKASH KUMAR

VIKASH KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola