IRCTC का वह इंश्योरेंस, जो 49 पैसे के खर्च पर देता है 10 लाख रुपये का कवर
Published by : Rajeev Kumar Updated At : 03 Jun 2023 5:36 PM
IRCTC Travel Insurance - ट्रेन टिकट बुकिंग के समय सिर्फ 49 पैसे खर्च करके 10 लाख रुपये तक इंश्योरेंस मिलता है. IRCTC की ऑफिशियल वेबसाइट या किसी ऐप से टिकट बुक करते समय यूजर से इसके लिए परमिशन मांगी जाती है. इसका खर्च 49 पैसे है, जो टिकट के कॉस्ट में जुड़ता है.
Indian Railways News: ओडिशा के बालासोर (Coromandel Train Accident) में शुक्रवार 2 जून को एक भीषण रेलवे हादसा हुआ, जिसमें 250 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है. वहीं घायलों की संख्या सैकड़ों में बतायी जा रही है. दुर्घटनास्थल पर राहत और बचाव कार्य जारी है. आमतौर पर इस तरह की दुर्घटना के बाद हताहत यात्रियों के परिवार को सरकार की ओर से मुआवजा दिया जाता है. वहीं, टिकट बुक कराते समय ट्रैवल इंश्योरेंस (IRCTC Travel Insurance) लेने पर लाखों का मुआवजा मिलता है, जो पीड़ित परिवार के लिए आर्थिक रूप से संबल का काम करता है. भारतीय रेलवे (Indian Railways) की तरफ से टिकट बुकिंग (Online Ticket Booking) के समय सिर्फ 49 पैसे में ट्रैवल इंश्योरेंस की सुविधा मिलती है.
ट्रेन टिकट बुकिंग के समय सिर्फ 49 पैसे खर्च करके 10 लाख रुपये तक इंश्योरेंस मिलता है. IRCTC की ऑफिशियल वेबसाइट या किसी ऐप से टिकट बुक करते समय यूजर से इसके लिए परमिशन मांगी जाती है. इसका खर्च 49 पैसे है, जो टिकट के कॉस्ट में जुड़ता है. इंश्योरेंस के ऑप्शन पर अपनी स्वीकृति देने पर ट्रेन के साथ किसी भी हादसा के होने की स्थिति में मृत्यु या स्थायी विकलांगता होने पर 10 लाख रुपये तक का मुआवजा मिलता है. वहीं, आंशिक विकलांगता होने पर 7.5 लाख रुपये का मुआवजा मिलता है, जबकि अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में 2 लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधा मिलती है.
Also Read: Coromandel Train Accident Reason: मेन लाइन की जगह लूप लाइन पर थी कोरोमंडल एक्सप्रेस? क्या है दोनों में अंतर?
कोरोमंडल एक्सप्रेस ट्रेन हादसे में जान गंवाने वाले लोगों को 12 लाख रुपये का मुआवजा मिलेगा. रेल मंत्रालय ने इस हादसे के बाद जानकारी दी है कि वह मृतकों के परिजनों को 10 लाख का मुआवजा देगी और पीएमएनआरएफ की ओर से भी मृतकों को 2 लाख का मुआवजा दिया जाएगा. गंभीर रूप से घायलों को रेलवे की ओर से 2-2 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा. वहीं, मामूली रूप से घायलों को 50,000 रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी, जबकि पीएमएनआरएफ की तरफ से सभी घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि मिलेगी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Rajeev Kumar
राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










