नई कार में न रह जाए कोई कमी, डिलीवरी से पहले ऐसे करें परफेक्ट चेक

Updated at : 24 Mar 2026 9:59 AM (IST)
विज्ञापन
Pre-Delivery Inspection Tips

कार की डिलीवरी लेने से पहले जरूर करें ये 10 चीजें चेक / एआई इमेज

नई गाड़ी की डिलीवरी लेने से पहले हर छोटी-बड़ी चीज चेक करना जरूरी है. क्योंकि, डीलरशिप पर ही गाड़ी में समस्या निकल जाने से आप फ्यूचर में होने वाली परेशानियों से बच सकते हैं.

विज्ञापन

Pre-Delivery Inspection Tips: नई कार की चाबी हाथ में आते ही दिल की धड़कन थोड़ी तेज हो जाती है. चमचमाती कार और पहली ड्राइव सब कुछ किसी जश्न से कम नहीं लगता. लेकिन इस खुशी के बीच एक छोटी-सी सावधानी आपकी इस नई शुरुआत को और भी बेहतर बना सकती है. डिलीवरी के वक्त की गई थोड़ी सी समझदारी यह तय करती है, कि आपकी नई कार सच में परफेक्ट हालत में आपके पास पहुंचे. ऐसे में डीलरशिप पर गाड़ी लेने से पहले उसकी अच्छी तरह जांच (Pre-Delivery Inspection – PDI) करना बेहद जरूरी है, क्योंकि इस दौरान किसी भी कमी या खराबी को पहचानना आसान होता है. अगर इस दौरान कोई समस्या नजरअंदाज हो जाए, तो बाद में उसे ठीक कराना मुश्किल हो सकता है. इसलिए गाड़ी की डिलीवरी लेने से पहले कुछ चीजों को जरूर चेक कर लें.

नई कार डिलीवरी से पहले इन चीजों को करें चेक

बाहरी (Exterior) चेक करें: गाड़ी को नेचुरल लाइट में ध्यान से देखें. पेंट में खरोंच, डेंट, फिनिशिंग या बॉडी पैनल के गैप्स की जांच करें. बंपर, दरवाजों के किनारे, छत, बूट और सभी ग्लास (विंडशील्ड/खिड़कियां) को ध्यान से देखें. साथ ही हेडलाइट, टेललाइट और अन्य लाइट्स में नमी या टूट-फूट न हो.

टायर और व्हील चेक करें: टायर की स्थिति, स्पेसिफिकेशन और मैन्युफैक्चरिंग डेट देखें. अलॉय व्हील या व्हील कवर में कोई डैमेज न हो, यह भी कन्फर्म करें.

स्पेयर व्हील और टूलकिट जांचें: डिक्की में स्पेयर व्हील, जैक और टूलकिट सही स्थिति में मौजूद हों, इसे भी कन्फर्म करें.

इंटीरियर (Interior) की जांच करें: सीट्स, अपहोल्स्ट्री और केबिन की फिटिंग को ध्यान से देखें. सभी बटन, स्विच, स्टोरेज स्पेस और ट्रिम्स ठीक से काम कर रहे हों, यह कन्फर्म करें.

इलेक्ट्रॉनिक्स और फीचर्स टेस्ट करें: इग्निशन ऑन करके इंफोटेनमेंट सिस्टम, कनेक्टिविटी, ऑडियो, पावर विंडो, मिरर, सनरूफ और एसी को टेस्ट करें. इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर में कोई वार्निंग लाइट तो नहीं आ रही, इसे जरूर देखें.

सभी लाइट्स की जांच करें: हेडलैंप, DRLs, इंडिकेटर, ब्रेक लाइट, रिवर्स लाइट और फॉग लैंप सही तरीके से काम कर रहे हों, यह कन्फर्म करें.

बोनट के अंदर (Engine Bay) देखें: किसी तरह का लीकेज, ढीली वायरिंग या असामान्य चीज न हो. इंजन ऑयल, कूलेंट और अन्य फ्लूइड्स का लेवल सही होना चाहिए. बैटरी की स्थिति भी ठीक होनी चाहिए.

ओडोमीटर रीडिंग चेक करें: नई गाड़ी की ओडोमीटर रीडिंग आमतौर पर 50 किमी से कम होनी चाहिए. इससे ज्यादा होने पर डीलर से कारण पूछें.

VIN और डॉक्यूमेंट्स चेक करें: गाड़ी का VIN (Vehicle Identification Number) सभी डॉक्यूमेंट्स से मैच होना चाहिए. इनवॉइस, इंश्योरेंस, रजिस्ट्रेशन और वारंटी पेपर्स सही और अपडेटेड हों.

एक्सेसरीज और बूट स्पेस जांचें: बुकिंग के समय जिन एक्सेसरीज का वादा किया गया था, वे सभी मौजूद हों. बूट एरिया की फिनिशिंग, लाइटिंग और फिटमेंट भी जांच लें.

यह भी पढ़ें: आपकी इन गलतियों से घट जाती है बाइक इंजन की लाइफ, आज से ही हो जाएं अलर्ट

विज्ञापन
Shivani Shah

लेखक के बारे में

By Shivani Shah

डिजिटल पत्रकारिता में 3 सालों का अनुभव है. प्रभात खबर में जूनियर टेक कंटेंट राइटर के तौर पर काम कर रही हैं. टेक्नोलॉजी कैटेगरी में ये स्मार्टफोन से लेकर टेक-टिप्स, गैजेट्स, एआई, सॉफ्टवेयर और डिजिटल ट्रेंड्स पर रिसर्च-बेस्ड, इन-डेप्थ और यूजर-फोकस्ड कंटेंट लिखती हैं. इसके अलावा ये ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें भी लिखती हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola