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गलवान घाटी में सैनिकों की मौत के आंकड़ों पर तीन पत्रकारों ने उठाया सवाल, तो चीन ने कर लिया गिरफ्तार

By Prabhat Khabar Digital Desk
Updated Date
जून 2020 में हुई थी हिंसक झड़प.
जून 2020 में हुई थी हिंसक झड़प.
प्रतीकात्मक फोटो.
  • मीडिया रिपोर्ट्स में 40 से 50 सैनिकों की मौत की कही गई थी बात

  • आठ महीने बाद चीन ने स्वीकारा 4 सैनिकों की मौत का मामला

  • चीन का आंकड़ा जारी होने के बाद गिरफ्तार किए गए पत्रकार

बीजिंग : चीन ने गलवान घाटी में सैनिकों की मौत के आंकड़ों पर सवाल उठाने वाले अपने ही तीन पत्रकारों को गिरफ्तार लिया है. पिछले दिनों उसने 2020 के जून महीने में भारतीय सैनिकों के साथ हुई हिंसक झड़प में अपने चार जवानों के मरने की बात का आंकड़ा पेश किया था. हालांकि, चीन की ओर से यह आंकड़ा झड़प के आठ महीने बाद जारी किया गया था, लेकिन उसने मीडिया रिपोर्ट के विपरीत काफी कम आंकड़ा जारी किया.

चीनी अथॉरिटीज का कहना है कि पूछताछ के लिए इन लोगों को गिरफ्तार किया गया है. गिरफ्तार किए गए पत्रकारों में 38 वर्षीय किउ जिमिंग भी हैं. वह इकनॉमिक ऑब्जर्वर के साथ काम कर चुके हैं. चीन की ओर से सैनिकों के मारे जाने के आंकड़े रिलीज किए जाने के बाद शनिवार को उन्हें गिरफ्तार किया गया. किउ पर आरोप लगाया गया है कि उन्होंने आंकड़ों पर सवाल उठाकर सेना की शहादत का अपमान किया है.

इससे पहले शुक्रवार को चीनी सेना ने आधिकारिक तौर पर बताया था कि इस झड़प में उसके 4 सैनिकों की मौत हुई थी और एक सैनिक की मौत बाद में हुई थी. बीते साल 15 जून को भारत और चीन की सेनाओं के बीच पूर्वी लद्दाख में झड़प हो गई थी. इसमें भारतीय सेना के 20 जवान शहीद हो गए थे.

उस वक्त चीनी सेना ने कोई आंकड़ा जारी नहीं किया था, लेकिन कई मीडिया रिपोर्ट्स में 40 से 50 सैनिकों की मौत की बात कही गई थी. हालांकि चीन ने 8 महीने बाद मौत की बात तो स्वीकारी, लेकिन आंकड़ा सिर्फ 4 का ही दिया. चीन सरकार के इसी आंकड़े पर सवाल उठाते हुए किउ ने चीनी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म वीबो पर टिप्पणी की थी और आंकड़ा कुछ ज्यादा होने की बात कही थी.

इसके अलावा, किउ ने चीन सरकार की ओर 8 महीनों के बाद आंकड़ा जारी करने पर भी सवाल उठाया था. किउ ने लिखा था कि भारत के नजरिये से देखें, तो वे जीत गए और कीमत भी कम चुकाई.' शनिवार को उनकी गिरफ्तारी के बाद नानजिंग की पुलिस ने बताता कि शहीद हुए 4 सैनिकों के अपमान और गलत जानकारी देने का आरोप में उन्हें गिरफ्तार किया गया है.

ग्लोबल टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक उन्हें समाज में गलत प्रभाव डालने वाली जानकारी देने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. उनके अलावा रविवार को एक अन्य ब्लॉगर को बीजिंग से गिरफ्तार किया गया है. वहीं, 25 वर्ष के एक ब्लॉगर यांग को दक्षिण पश्चिमी सूबे सिचुआन से गिरफ्तार किया गया है.

Posted by : Vishwat Sen

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