पशु शेड निर्माण योजना में अधिकारियों द्वारा राशि गबन करने की बात निकली झूठी, जांच के बाद हुई पुष्टि

Updated at : 23 Mar 2023 2:12 AM (IST)
विज्ञापन
पशु शेड निर्माण योजना में अधिकारियों द्वारा राशि गबन करने की बात निकली झूठी, जांच के बाद हुई पुष्टि

जब मनरेगा अधिकारियों ने शिकायत करने वाले लाभुक विक्की मंसूरी, सकीला बीबी के बारे में योजनाओं की जानकारी ली तब उन्हें इस बात की जानकारी ली.

विज्ञापन

रमकंडा प्रखंड की बलिगढ़ पंचायत की पशु शेड निर्माण योजना में मेठ एवं राजमिस्त्री (स्किल्ड, सेमी स्किल्ड) की राशि उनके खाते में हस्तांतरित हो चुकी है. उल्लेखनीय है कि बलिगढ़ पंचायत में वित्तीय वर्ष 2021-22 में स्वीकृत पशु शेड के पांच लाभुकों ने मेठ व मेसन की राशि संबंधित मजदूरों के खाते में भेजने के बजाय अधिकारियों द्वारा गबन कर लेने की शिकायत की थी.

इसके बाद जब मनरेगा अधिकारियों ने शिकायत करने वाले लाभुक विक्की मंसूरी, सकीला बीबी, मंसूर मंसूरी, सलीमा बीबी व प्रियंका देवी के खेत में पशु शेड निर्माण योजनाओं की भुगतान से संबंधित दस्तावेजों की पड़ताल कर लाभुकों के बैंक खातों की जांच करायी, तो पता चला कि विक्की मंसूरी के गाय शेड में काम करनेवाले हिना बीबी के बैंक खाता में पिछले 10 फरवरी को ही 3912 रुपये मेठ मेसन की राशि पहुंची है.

वहीं इसी योजना में मो. विक्की व नसीम मंसूरी के खाते में तकनीकी समस्या के कारण राशि नही भेजी गयी. इसी तरह सकीला बीबी के पशु शेड निर्माण योजना में पिछले 10 फरवरी को जलील मंसूरी व खुर्शीद मंसूरी के बैंक खाते में भी 5112-5112 रुपये भेजे गये हैं. इसी तरह मो. फारुख मंसूरी के बैंक खाता में 5148 रुपये पहुंचा है.. वहीं कमरून बीबी के खाते में गड़बड़ी के कारण राशि नही भेजी गयी.

इसके अलावे सलीमा बीबी के पशु शेड में मो. मारूफ मंसूरी के बैंक खाता में 5148 रुपया तथा राजवान मंसूरी के बैंक खाता में 5148 रुपये, प्रियंका देवी के पशु शेड में रविन्द्र कुमार रवि के बैंक खाता में 5148, बिजेंद्र कुमार राम के खाता संख्या में 5148, सतेंद्र राम के बैंक खाता में 5148 व उर्मिला देवी के खाता संख्या में भी 3912 रुपये पिछले 10 फरवरी को ही पहुंच चुके हैं.

बिना जांच किये शिकायत करना गलत

इस संबंध में मनरेगा बीपीओ अरविंद कुमार ने बताया कि शिकायत करने वाले लाभुकों के खातों की जांच की गयी, तो उनके खाते में 10 फरवरी को ही मेठ व मेसन की राशि पहुंच चुकी है. अधिकारियों द्वारा राशि गबन किये जाने का आरोप लगाकर शिकायत करना गलत है.

विज्ञापन
Sameer Oraon

लेखक के बारे में

By Sameer Oraon

इंटरनेशनल स्कूल ऑफ बिजनेस एंड मीडिया से बीबीए मीडिया में ग्रेजुएट होने के बाद साल 2019 में भारतीय जनसंचार संस्थान दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. 5 साल से अधिक समय से प्रभात खबर में डिजिटल पत्रकार के रूप में कार्यरत हूं. इससे पहले डेली हंट में बतौर प्रूफ रीडर एसोसिएट के रूप में काम किया. झारखंड के सभी समसामयिक मुद्दे खासकर राजनीति, लाइफ स्टाइल, हेल्थ से जुड़े विषयों पर लिखने और पढ़ने में गहरी रुचि है. तीन साल से अधिक समय से झारखंड डेस्क पर काम कर रहा हूं. फिर लंबे समय तक लाइफ स्टाइल के क्षेत्र में भी काम किया हूं. इसके अलावा स्पोर्ट्स में भी गहरी रुचि है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola