1 घंटे में कितनी बिजली खाता है आपका 1.5 टन AC? ऐसे करें चुटकियों में पता

Edited by Ankit Anand
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AC Running Cost

AC Running Cost: क्या आप जानते हैं कि 1.5 टन क्षमता वाला एसी एक घंटे में कितनी यूनिट बिजली की खपत करता है? यदि इसे रोजाना 8 से 10 घंटे तक लगातार चलाया जाए, तो अनुमानित बिजली बिल कितना आ सकता है? आइए जानते हैं इसका पूरा हिसाब.

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AC Running Cost: जैसे जैसे अप्रैल का महीना खत्म होने की कगार पर है वैसे वैसे गर्मी बढ़ने लगी है. इस बढ़ती गर्मी से राहत पाने के लिए पंखे और कूलर भी बेअसर होने लगते हैं. हालांकि अप्रैल में कूलर और पंखों से ही काम चल जाता है, लेकिन मई, जून और जुलाई की झुलसाती गर्मी में एयर कंडीशनर (AC) ही असली सहारा बनते हैं.

गर्मी से राहत देने वाला AC जहां एक ओर सुकून देता है, वहीं दूसरी ओर बिजली की खपत को लेकर चिंता भी बढ़ाता है. एसी के ऑन होते ही बिजली के बिल में उछाल आना तय है. यही वजह है कि बहुत से लोग एसी तो लगवाते हैं, लेकिन उसे दिनभर चलाने की बजाय सीमित घंटों तक ही इस्तेमाल करते हैं, ताकि बिजली का बिल काबू में रहे.

ऐसे में यह जाना जरूरी हो जाता है कि आपका AC एक घंटे में कितनी बिजली की खपत करता है? आज हम इसी प्रश्न का उत्तर एक उदाहरण से सेमझेंगे कि अगर आप रोजाना 8 से 10 घंटे तक लगातार एसी चलाते हैं, तो इससे कितनी बिजली की खपत होती है और आपका बिजली का बिल कितना आ सकता है.

10 घंटे AC चलाने से कितना आएगा बिल?

अगर आपके पास 1.5 टन का एसी है, तो यह आमतौर पर हर घंटे करीब 2.25 यूनिट बिजली की खपत करता है. अगर आप रोजाना 10 घंटे एसी चलाते हैं, तो एक दिन में यह लगभग 22.5 (10×2.25) यूनिट बिजली खर्च करेगा. ऐसे में महीने भर (30 दिनों) में एसी की खपत करीब 675 (30×22.5)  यूनिट तक पहुंच सकती है.

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अगर आपके इलाके में प्रति यूनिट बिजली की दर ₹7 है, तो केवल एसी का मासिक बिल लगभग ₹4,725 (675×7) बनता है. वहीं, अगर इसके साथ फ्रिज, कूलर, वॉशिंग मशीन जैसे अन्य उपकरण भी चलते हैं, तो कुल बिजली बिल ₹6,000 से ₹8,000 तक पहुंच सकता है.

घंटे के हिसाब से इतना आएगा बिल 

  • अगर आप रोजाना 6 घंटे एसी चलाते हैं, तो महीने भर में कुल 405 यूनिट बिजली खर्च होगी, जिससे आपका बिल करीब ₹2,835 आएगा.
  • रोजाना 8 घंटे एसी इस्तेमाल करने पर 540 यूनिट बिजली खपत होगी और बिल ₹3,780 तक पहुंच सकता है.
  • वहीं, अगर आप हर दिन 12 घंटे एसी चलाते हैं, तो महीने में करीब 810 यूनिट खर्च होंगे और आपका बिल ₹5,670 तक जा सकता है.

ध्यान रखें, ये आंकड़े प्रति यूनिट ₹7 की दर से लगाए गए हैं. अगर आपके इलाके में बिजली की दर इससे ज्यादा है, तो बिल भी उसी हिसाब से बढ़ेगा.

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अंकित आनंद, डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में एक उभरते हुए कंटेंट राइटर हैं. वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. उन्हें पत्रकारिता में 2 साल से अधिक का अनुभव है और इस दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर अपनी मजबूत पकड़ बनाई है. अंकित मुख्य रूप से स्मार्टफोन लॉन्च, टेलीकॉम अपडेट्स, टिप्स एंड ट्रिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी खबरें, गैजेट्स रिव्यू और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे विषयों पर काम करते हैं. इसके साथ ही वह ऑटोमोबाइल सेक्टर से जुड़ी जरूरी और ट्रेंडिंग खबरों को भी कवर करते हैं. वह कार और बाइक से जुड़ी हर खबर को सिर्फ एक एंगल से नहीं, बल्कि टेक्निकल, यूजर एक्सपीरियंस और मार्केट ट्रेंड्स जैसे हर पहलू से समझकर पेश करते हैं. उनकी लेखन शैली सरल, स्पष्ट और यूजर्स-फर्स्ट अप्रोच पर बेस्ड है, जिसमें Gen Z की पसंद और उनकी डिजिटल समझ को भी ध्यान में रखा जाता है. बिहार में जन्मे अंकित आनंद की शुरुआती शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद 2024 में गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी (GGSIPU) के कस्तूरी राम कॉलेज ऑफ हायर एजुकेशन से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन डिग्री हासिल की. अपनी पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने मीडिया और डिजिटल स्टोरीटेलिंग की बारीकियों को समझा और धीरे-धीरे टेक और ऑटो जर्नलिज्म की ओर अपना फोकस बढ़ाया. शिक्षा पूरी करने के बाद अंकित ने Zee News में करीब 1 साल तक काम किया, जहां उन्होंने टीवी न्यूज प्रोडक्शन, आउटपुट डेस्क वर्क, कंटेंट रिसर्च और न्यूज राइटिंग की बारीकियों को करीब से समझा. इस अनुभव ने उन्हें तेजी से बदलते न्यूज रूम माहौल में काम करने की क्षमता और खबरों को सरल तरीके से प्रस्तुत करने की कला सिखाई. अंकित का मानना है कि टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें सिर्फ जानकारी नहीं देतीं, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की लाइफस्टाइल और फैसलों को भी असर डालती हैं. इसी सोच के साथ वह SEO-ऑप्टिमाइज्ड, रिसर्च-बेस्ड और सरल भाषा में कंटेंट तैयार करते हैं, ताकि पाठकों को सही और उपयोगी जानकारी आसानी से मिल सके.

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