बीजीबी की गोलीबारी में बीएसएफ जवान शहीद
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :18 Oct 2019 2:27 AM (IST)
विज्ञापन

पद्मा नदी में बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश द्वारा तीन भारतीय मछुआरों को पकड़ने से शुरू हुआ विवाद बीजीबी और बीएसएफ के बीच बातचीत विफल होने पर लौट रहे थे जवान बीएसएफ का आरोप : बीजीबी के जवानों ने शुरू कर दी गोलीबारी कोलकाता : राज्य के मुर्शिदाबाद जिले में भारत-बांग्लादेश सीमा पर गुरुवार को ‘फ्लैग मीटिंग’ […]
विज्ञापन
पद्मा नदी में बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश द्वारा तीन भारतीय मछुआरों को पकड़ने से शुरू हुआ विवाद
बीजीबी और बीएसएफ के बीच बातचीत विफल होने पर लौट रहे थे जवान
बीएसएफ का आरोप : बीजीबी के जवानों ने शुरू कर दी गोलीबारी
कोलकाता : राज्य के मुर्शिदाबाद जिले में भारत-बांग्लादेश सीमा पर गुरुवार को ‘फ्लैग मीटिंग’ के बाद बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (बीजीबी) के जवानों ने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की टुकड़ी पर गोलियां चलायीं जिससे एक जवान की मौत हो गयी और एक जवान घायल हो गया. बीएसएफ के शहीद जवान विजयभान सिंह (51) उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले के चमरौली गांव के रहने वाले थे.
घायल कांस्टेबल राजवीर यादव का स्थानीय अस्पताल में इलाज चल रहा है. बीजीबी के जवानों की कार्रवाई के कारण दोनों पक्षों के बीच तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है. सीमा सुरक्षा बल के प्रमुख वीके जौहरी ने इस संबंध में अपने बांग्लादेशी समकक्ष मेजर जनरल शफीनुल इस्लाम से हॉटलाइन पर बात की.
अधिकारियों के अनुसार बीजीबी के महानिदेशक ने घटना की पूरी जांच कराने का आश्वासन दिया है. आधिकारिक सूत्रों के अनुसार दोनों बलों के बीच बहुत अच्छे संबंध रहे हैं और दशकों से उनके बीच कोई गोली नहीं चली है. यह घटना असामान्य है और स्थिति अधिक नहीं बिगड़े, इसके प्रयास किये जा रहे हैं. इस घटना से नयी दिल्ली स्थित उच्च सुरक्षा प्रतिष्ठान सतर्क हो गया है.
सीमा सुरक्षा बल के अधिकारी गृह और विदेश मंत्रालय को घटना का विवरण दे रहे हैं. बीएसएफ ने एक बयान में कहा कि घटना मुर्शिदाबाद जिले में काकमारीचर सीमा चौकी पर सुबह करीब नौ बजे हुई जब मछुआरों के एक मुद्दे को सुलझाने के लिए पद्मा नदी के बीच जमीन के एक छोटे भाग ‘चर’ पर बल के जवान बीजीबी जवानों तक पहुंचे. उन्होंने कहा कि समस्या तब उत्पन्न हुई जब बीजीबी जवानों ने तीन भारतीय मछुआरों को अंतरराष्ट्रीय सीमा के अंदर मछली पकड़ने के लिए गिरफ्तार कर लिया था.
इन मछुआरों को बल द्वारा मछली पकड़ने की अनुमति दी गयी थी. इसके बाद बीजीबी ने दो मछुआरों को छोड़ दिया और उनसे कहा कि वे सीमा सुरक्षा बल को तीसरे मछुआरे के पकड़े जाने की सूचना दें. इसके बाद बीएसएफ की 117 वीं बटालियन के पोस्ट कमांडर उपनिरीक्षक छह जवानों की टीम के साथ मोटर बोट पर सवार होकर मसला सुलझाने निकले.
जब बीएसएफ की टीम बीजीबी के ‘आक्रामक’ रुख को देखकर मोटरबोट से वापस आ रही थी तब सैयद नाम के एक बीजीबी जवान ने पीछे से गोली चला दी. अधिकारियों ने कहा कि बीजीबी सैनिक ने अपनी एके-47 राइफल से गोली चलायी जो बीएसएफ के हेड कांस्टेबल विजय भान सिंह के सिर में लगी जिसके कारण तत्काल उनकी मृत्यु हो गयी. इस हमले में कांस्टेबल राजवीर यादव हाथ में गोली लगने के कारण घायल हो गये. मृत जवान विजय भान सिंह (51) उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले के चमरौली गांव के निवासी थे.
सन 1990 में बीएसएफ में भर्ती होने वाले सिंह के परिवार में उनकी पत्नी और दो पुत्र हैं.बीजीबी की हिरासत में मछुआरे की पहचान शिरोचर गांव के प्रणब मंडल के रूप में की गयी है. बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया. दोनों बलों की साल में दो बार बैठक होती है और पिछली बार महानिदेशक स्तर की बातचीत इस साल जून में ढाका में पिलखाना स्थित बीजीबी मुख्यालय में हुई थी.
इस घटना के बाद बीएसएफ के दक्षिण बंगाल फ्रंटियर के आइजी वाइबी खुरानियां ने कड़ी आपत्ति जाहिर की है. उन्होंने बांग्लादेश के रंगपुर स्थित उत्तर पश्चिम क्षेत्र के रीजनल कमांडर बेनजीर अहमद को पत्र लिखकर दोषी जवान के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर उचित कदम उठाने को कहा है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




