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Jharkhand Monsoon Session Highlights: पूरे सत्र में 8 बिल पास, सीएम बोले- सिर्फ झारखंडियों को दूंगा रोजगार

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Jharkhand Assembly Monsoon Session LIVE Updates in Hindi: 28 जुलाई से शुरू झारखंड विधानसभा का मानसून सत्र का आज (4 अगस्त) आखिरी दिन है. इस बार झारखंड विधानसभा का मानसून सत्र काफी छोटा है. विपक्ष राज्य सरकार को झारखंड की विधि-व्यवस्था सहित अन्य कई मुद्दों को लेकर घेर रहा है. इस दौरान सत्ता पक्ष भी पलटवार कर रहा है. मानसून सत्र से जुड़ी खबरों और अपडेट के लिए बने रहिए प्रभात खबर डॉट कॉम के Live सेक्शन में. झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र से जुड़ी हर छोटी-बड़ी खबरें आपको यहां मिलेंगी सबसे पहले…

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सिर्फ और सिर्फ झारखंडियों को ही रोजगार एवं स्वरोजगार दूंगा- सीएम हेमंत सोरेन

वहीं मानसून सत्र के अंतिम दिन सदन में समापन अभिभाषण में सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि हम हजारों पदों पर नियुक्ति कर चुके हैं. वहीं, 40 से 50 हजार पदों पर और नियुक्ति की प्रक्रिया को आगे बढ़ा चुके हैं. मैं इस बात की गारंटी देता हूं कि सिर्फ और सिर्फ झारखंडियों को ही रोजगार एवं स्वरोजगार दूंगा. कहा कि नियुक्ति में जो 15-20 फीसदी बाहरी आ रहे हैं, उसे भी रोकेंगे.

पूरे सत्र में आठ विधेयक सदन से पारित किये गये

स्पीकर ने कहा कि इस सत्र में कुल छह बैठकें हुई. इसमें कुल 131 अल्पसूचित प्रश्न एवं 223 तारांकित प्रश्न स्वीकृत हुए. इनमें से नौ अल्पसूचित प्रश्न सदन में उत्तर दिये गये. विभागों से 125 अल्पसूचित प्रश्नों के उत्तर प्राप्त हुए. 218 तारांकित प्रश्नों एवं छह अल्पसूचित प्रश्नों के तथा पांच तारांकित प्रश्नों के उत्तर विभागों के पास लंबित है. 113 शून्यकाल स्वीकृत हुए. 25 स्वीकृत ध्यानाकर्षण सूचनाओं में से पांच ध्यानाकर्षण सूचनाओं के उत्तर दिये गये. शेष लंबित ध्यानाकर्षण सूचनाओं को प्रश्न एवं ध्यानाकर्षण समिति को दिया जायेगा. इस सत्र में विनियोग विधेयक सहित कुल आठ विधेयक सदन द्वारा पारित किये गये.

राजनीतिक उद्देश्यों के लिए सदन को बाधित करना उचित नहीं : रवींद्र नाथ महतो

विधानसभा अध्यक्ष रवींद्र नाथ महतो ने मॉनसून सत्र के समापन भाषण में कहा कि लोकतंत्र के इस मंदिर में हमारा एक-एक पल कीमती है और मात्र राजनीतिक उद्देश्यों के लिए सदन की कार्यवाही को बार-बार बाधित किया जाना उचित नहीं है. संविधान निर्माताओं और राज्य की जनता के प्रति सम्मान, हमारे आचरण में प्रतिबिंबित होना चाहिए. लोकतंत्र में अलग-अलग विचारधाराओं का फलना-फूलना और अपनी भावनाओं को तर्क और भाषा के बल पर प्रस्तुत करने का प्रयास करना चाहिए. ताकि वृहत जनकल्याण की दिशा में अलग-अलग विचारधाराओं और मान्यताओं के होते हुए भी राष्ट्रनिर्माण की ओर हम एक साथ बढ़ सकें. उन्होंने कहा कि विरोध मात्र विरोध के लिए किया जाना कहीं से भी उचित नहीं है और व्यवस्था बनाये रखने के लिए निर्धारित कार्यक्रमों के अनुरूप समय-सारणी का पालन किया जाना आवश्यक है.

संसद से पारित विधेयक को राज्य सरकार कर रही अंगीकार : रामेश्वर उरांव

झारखंड माल सेवा कर संशोधन विधेयक में लंबोदर महतो की ओर से प्रवर समिति में भेजने के सवाल पर वित्त मंत्री डॉ रामेश्वर उरांव ने कहा कि जीएसटी आने के बाद संसद से विधेयक पारित किया गया है. राज्य सरकार ने इसे अंगीकार करते हुए संशोधन विधेयक लाया है. इसका मुख्य उद्देश्य इज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देना है.

बिहार ने भी राज्यपाल की जगह मुख्यमंत्री को कुलाधिपति बनाया था : बन्ना

कुलाधिपति के पद पर राज्यपाल की जगह मुख्यमंत्री को दिये जाने के सवाल पर प्रभारी मंत्री बन्ना गुप्ता ने जवाब दिया. कहा कि बिहार में एनडीए के शासन काल में विश्वविद्यालयों से संबंधित तीन विधेयक पास हुए थे, वहां भी सीएम को कुलाधिपति बनाया गया था. इसमें वित्त का प्रावधान भी रखा गया है. इससे पहले आजसू विधायक लंबोदर महतो ने कहा कि इससे वित्तीय बोझ बढ़ेगा. इसमें वित्तीय संलेख तक नहीं है. इसमें राज्यपाल का अनुमोदन लेना जरूरी नहीं समझा गया है. माले विधायक विनोद सिंह ने कहा कि बदलाव की क्यों जरूरत पड़ी? अब तक कुलाधिपति राज्यपाल ही रहते रहे हैं.

मानसून सत्र के अंतिम दिन दो विधेयक विधानसभा से पारित

मानसून सत्र के अंतिम दिन शुक्रवार को दो विधेयक विधानसभा से पारित हुआ. इसमें झारखंड स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय विधेयक -2023 व झारखंड माल सेवा कर संशोधन विधेयक -2023 शामिल है. झारखंड स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय विधेयक में मुख्यमंत्री को कुलाधिपति बनाने का प्रावधान है. अब तक सरकारी विश्वविद्यालयों में कुलाधिपति राज्यपाल होते थे. इस विधेयक को प्रवर समिति में भेजने के लिए छह सदस्यों ने प्रस्ताव दिया था, जिसमें विनोद सिंह, लंबोदर महतो, अनंत ओझा, अमर बाउरी, अमित मंडल और रामचंद्र चंद्रवंशी शामिल थे.

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Jaya Bharti

लेखक के बारे में

By Jaya Bharti

This is Jaya Bharti, with more than two years of experience in journalistic field. Currently working as a content writer for Prabhat Khabar Digital in Ranchi but belongs to Dhanbad. She has basic knowledge of video editing and thumbnail designing. She also does voice over and anchoring. In short Jaya can do work as a multimedia producer.

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