झारखंड की गुमला पुलिस को मिली सफलता, पत्नी से मिलने पहुंचा हार्डकोर नक्सली गुड्डू उरांव अरेस्ट

Updated at : 15 Aug 2021 2:15 PM (IST)
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झारखंड की गुमला पुलिस को मिली सफलता, पत्नी से मिलने पहुंचा हार्डकोर नक्सली गुड्डू उरांव अरेस्ट

जनवरी माह में नक्सली गुड्डू की शादी हुई थी. पत्नी को वह अपने चाचा के घर में रखा था. जहां वह छिपकर अक्सर अपनी पत्नी से मिलने आता था. वह पत्नी से मिलने पहुंचा तो इसकी गुप्त सूचना पुलिस को मिल गयी थी और पुलिस ने उसे धर दबोचा.

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Jharkhand Naxal News, गुमला न्यूज (दुर्जय पासवान) : झारखंड के गुमला जिले के बिशुनपुर थाना की पुलिस ने भाकपा माओवादी के एरिया कमांडर व हार्डकोर नक्सली गुड्डू उरांव उर्फ सुखराम उरांव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया. उसके पास से पांच डेटोनेटर व चाकू मिला है. गुड्डू अपनी पत्नी से मिलने के लिए बिशुनपुर प्रखंड के रेहलदाग बड़काटोली गांव आया था. इसी दौरान पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया. गुड्डू के खिलाफ 11 केस दर्ज हैं.

बताया जाता है कि जनवरी माह में नक्सली गुड्डू की शादी हुई थी. पत्नी को अपने चाचा के घर में रखा था. जहां वह छिपकर अक्सर अपनी पत्नी से मिलने आता था. शुक्रवार की शाम को वह पत्नी से मिलने पहुंचा तो इसकी गुप्त सूचना पुलिस को मिल गयी और पुलिस ने उसे धर दबोचा. गुड्डू पहले नकुल यादव के दस्ते में था. परंतु नकुल के सरेंडर करने के बाद वह जोनल कमांडर रविंद्र गंझू के दस्ते में चला गया था. गुड्डू के खिलाफ 11 केस दर्ज हैं. 2017 में बुलबुल जंगल में पुलिस के साथ हुए मुठभेड़ में गुड्डू बच निकला था.

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गुमला के पुलिस अधीक्षक डॉ एहतेशाम वकारीब ने बताया कि गुड्डू 2014 में भाकपा माओवादी में शामिल हुआ था. उसके खिलाफ बिशुनपुर, गुरदरी, घाघरा, बंगरू, सेरेंगदाग, चंदवा, कुड़ू, गारू, महुआडाड़ थाना में केस दर्ज हैं. गुड्डू को पकड़ने के बाद उससे पूछताछ की गयी है. गुड्डू ने कई महत्वपूर्ण जानकारी दी है. पुलिस दूसरे नक्सलियों को भी पकड़ने के लिए रणनीति बनायी है. गुड्डू की गिरफ्तारी से भाकपा माओवादी संगठन को क्षति पहुंची है.

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जोनल कमांडर नकुल यादव व मदन यादव के सरेंडर करने के बाद रविंद्र गंझू सक्रिय रूप से बिशुनपुर व लोहरदगा के बॉर्डर इलाके में काम करने लगा था. इसमें गुड्डू को बिशुनपुर क्षेत्र की जिम्मेवारी सौंपी गयी थी. गुड्डू अपने कमांडर रविंद्र के दस्ते में रहकर नक्सली घटनाओं को अंजाम देने के साथ-साथ लेवी वसूली, रंगदारी वसूली व लोगों को डराने धमकाने का काम करता था. गुड्डू ने सबसे पहले 27 जुलाई 2014 को घाघरा में तालाब के समीप जन अदालत लगाकर लालदेव खेरवार की हत्या कर शव को तालाब में फेंकने में शामिल था. इसके बाद वह कई बड़ी घटनाओं में शामिल रहा है. गुड्डू को पकड़ने में बिशुनपुर थानेदार सदानंद सिंह, पुअनि अंकु कुमार, पुअनि दशरथ कुमार दास, सअनि रवि रंजन कुमार, सहित सैट-172, आईआरबी व बिशुनपुर थाना के जवान शामिल थे.

Posted By : Guru Swarup Mishra

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