बोकारो में फिर सक्रिय चेन स्नेचर, तीन दिनों में तीन वारदात; कोढ़ा, दास और वासवानी गैंग पुलिस के रडार पर
यह फोटो एआई से बनाई गयी है
बोकारो में चेन स्नेचिंग की घटनाओं ने फिर रफ्तार पकड़ ली है. पिछले तीन दिनों में तीन वारदातों के बाद पुलिस हरकत में आ गई है. बिहार के कोढ़ा गैंग, ओडिशा के दास गैंग और महाराष्ट्र के वासवानी गैंग पर शक जताया जा रहा है.
बोकारो. बोकारो में जुलाई के बाद सितंबर में एक बार फिर चेन स्नेचिंग की घटनाएं बढ़ गयी हैं. 14 से 16 सितंबर के बीच चास और सेक्टर-4 इलाके में चेन स्नेचिंग की तीन घटनाएं सामने आयीं. तीनों मामलों में स्नेचर वारदात के बाद फरार हो गये और अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं. लगातार हो रही घटनाओं ने पुलिस के साथ-साथ शहरवासियों की चिंता भी बढ़ा दी है.
हालांकि पुलिस की विशेष टीम सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्धों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है. पिछले दिनों हुई चेन स्नेचिंग की घटनाओं की जांच में बिहार के कटिहार स्थित कोढ़ा गैंग और ओडिशा के दास गैंग के शामिल होने की बात सामने आने की जानकारी पुलिस को मिली है. वहीं, पुलिस के रडार पर महाराष्ट्र का वासवानी गैंग भी है.
जुलाई में दो गैंग के सदस्यों को भेजा गया था जेल
सेक्टर-4 पुलिस ने जुलाई में चेन स्नेचिंग के मामले में महाराष्ट्र के वासवानी गैंग के एक सदस्य और दास गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार कर जेल भेजा था. इसके बाद कुछ समय तक चेन स्नेचिंग की घटनाओं पर विराम लगा था. अब सितंबर में लगातार तीन घटनाएं सामने आने के बाद पुलिस फिर से सक्रिय हो गयी है.
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फिलहाल कोढ़ा गैंग के सदस्य पुलिस की पकड़ से दूर हैं. पुलिस के अनुसार, इस गैंग का ठिकाना बिहार के कटिहार जिले में है. वारदात के बाद इसके सदस्य स्थानीय स्तर पर रुकने के बजाय सीधे बिहार लौट जाते हैं, जिससे उनकी पहचान और गिरफ्तारी पुलिस के लिए चुनौती बनती है.
बिहार से बाइक लेकर झारखंड में करते हैं वारदात
पुलिस जांच में सामने आये इनपुट के अनुसार, वासवानी गैंग के सदस्य महाराष्ट्र से आकर बिहार के गया को अपना अस्थायी ठिकाना बनाते हैं. इसके बाद बिहार से बाइक लेकर झारखंड के अलग-अलग जिलों में पहुंचते हैं और छिनतई की वारदात को अंजाम देने के बाद बाइक से ही गया लौट जाते हैं. छिनतई के सामान को गया में खपाने की बात भी जांच में सामने आयी है.
इसी तरह ओडिशा के दास गैंग के सदस्यों का अस्थायी ठिकाना रांची बताया जा रहा है. वारदात के बाद सदस्य दूसरे स्थान पर लौट जाते हैं. पुलिस फिलहाल तीनों गैंग के नेटवर्क और उनके स्थानीय संपर्कों की जानकारी जुटा रही है.
बिना पुलिस सत्यापन किराये पर आवास नहीं दें
चेन स्नेचिंग की घटनाओं के बीच सिटी डीएसपी राजीव रंजन ने शहरवासियों से किरायेदारों के सत्यापन को लेकर सावधानी बरतने की अपील की है. उन्होंने कहा कि मकान मालिक बिना पुलिस सत्यापन के किसी व्यक्ति को किराये पर आवास नहीं दें.
पुलिस के अनुसार, किरायेदार का आधार कार्ड, आवास उपलब्ध कराने वाले व्यक्ति का विवरण और अन्य जरूरी जानकारी मकान मालिक अपने पास रखें. इसकी एक प्रति संबंधित थाने को भी उपलब्ध करायी जानी चाहिए. पुलिस का कहना है कि यदि किराये के मकान में रहने वाला व्यक्ति किसी आपराधिक गतिविधि में शामिल पाया जाता है, तो मकान मालिक को भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है.
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तीनों गैंग के खिलाफ कार्रवाई तेज : एसपी
एसपी नाथू सिंह मीणा ने कहा कि अपराध करने की छूट किसी को नहीं दी जा सकती. तीनों गैंग के खिलाफ पुलिस कार्रवाई कर रही है. उन्होंने कहा कि एसआइटी पूरे मामले की जांच में जुटी है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किये जा रहे हैं. एसपी ने कहा कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जायेगा.
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