झारखंड : कमीशनखोरी मामले में IAS मनीष रंजन से ईडी की पूछताछ जारी

Published by : Sameer Oraon Updated At : 28 May 2024 2:18 PM

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कमीशनखोरी मामले में ईडी की पूछताछ आईएएस मनीष रंजन से जारी है. वे मंगलवार सुबह 11 बजे ईडी कार्यालय पहुंचे. इससे पहले उन्होंने जांच एजेंसी को 3 हफ्ते का समय देने की मांग की थी.

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रांची : ग्रामीण विकास विभाग में हुई कमीशनखोरी मामले में आइएएस अधिकारी मनीष रंजन से मंगलवार को पूछताछ जारी है. प्रर्वातन निदेशालय के दूसरे समन पर वे सुबह 11 बजे रांची स्थित ईडी कार्यालय पहुंचे. इससे पहले ईडी ने उन्हें समन जारी कर 24 मई को पूछताछ के लिए हाजिर होने का निर्देश दिया था. हालांकि उन्होंने हाजिर होने के बदले समय देने की मांग की. मनीष रंजन ने समय मांगने के लिए प्रधानमंत्री की यात्रा के दौरान मिली जिम्मेदारियों का हवाला दिया था. राज्य सरकार ने मनीष रंजन को प्रधानमंत्री की यात्रा के दौरान ब्ल्यू बुक के अनुसार सुरक्षा, प्रोटोकॉल सहित विधि व्यवस्था पर नजर रखने के लिए गठित समिति में शामिल किया है. ईडी ने उनके अनुरोध को अस्वीकार करते हुए तीन सप्ताह के बदले सिर्फ तीन दिनों का समय दिया.

मंत्री आलमगीर आलम समेत कई लोगों को किया जा चुका है गिरफ्तार

बता दें कि इस मामले में पहले ही मंत्री आलमगीर आलम को गिरफ्तार किया जा चुका है. 15 घंटे तक चली लंबी पूछताछ के बाद ईडी ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था. हालांकि, इस मामले में प्रर्वतन निदेशालय ने पहले ही ग्रामीण विकास विभाग के चीफ इंजीनियर बीरेंद्र राम को गिरफ्तार कर लिया. उससे पूछताछ के आधार पर ईडी ने मंत्री आलमगीर आलम के पीएस संजीव लाल और उनके नौकर जहांगीर आलम के ठिकानों पर छापा मारा था. जहां से उन्हें 37 करोड़ रुपये बरामद हुए थे. जिसके बाद संजीव लाल और जहांगीर आलम को गिरफ्तार कर लिया गया था.

15% की दर से होती थी कमीशन की वसूली

इससे पहले ईडी ने कोर्ट में सौंपे रिमांड पिटीशन में कहा था कि ग्रामीण विकास विभाग की विकास योजनाओं में 15% की दर से कमीशन की वसूली होती थी. संजीव लाल टेंडर मैनेज कर कमीशन की रकम वसूलता था. वसूली के लिए बने सिस्टम में इंजीनियर और ठेकेदार शामिल हैं. कमीशन की रकम जहांगीर आलम के पास रखी जाती है और यह राशि बड़े अफसरों और राजनीतिज्ञों तक जाती थी.

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समीर उरांव, डिजिटल मीडिया में सीनियर जर्नलिस्ट हैं और वर्तमान में प्रभात खबर.कॉम में सीनियर कटेंट राइटर के पद पर हैं. झारखंड, लाइफ स्टाइल और स्पोर्ट्स जगत की खबरों के अनुभवी लेखक समीर को न्यूज वर्ल्ड में 5 साल से ज्यादा का वर्क एक्सपीरियंस है. वह खबरों की नब्ज पकड़कर आसान शब्दों में रीडर्स तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं. साल 2019 में बतौर भारतीय जनसंचार संस्थान से पत्रकारिता करने के बाद उन्होंने हिंदी खबर चैनल में बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद समीर ने डेली हंट से होते हुए प्रभात खबर जा पहुंचे. जहां उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और वैल्यू ऐडेड आर्टिकल्स लिखे, जो रीडर्स के लिए उपयोगी है. कई साल के अनुभव से समीर पाठकों की जिज्ञासाओं का ध्यान रखते हुए SEO-ऑप्टिमाइज्ड, डेटा ड्रिवन और मल्टीपल एंगल्स पर रीडर्स फर्स्ट अप्रोच राइटिंग कर रहे हैं.

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