सीवान के सरकारी स्कूलों में बदलेगा पढ़ाई का तरीका, सीआरसीसी को मिला नया टास्क, जानें नया नियम

Updated:
विज्ञापन

शिक्षा विभाग की तस्वीर

सीवान के सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए सीआरसीसी अब सप्ताह में दो दिन स्कूलों का दौरा करेंगे और ई-शिक्षाकोष पर रिपोर्ट दर्ज करेंगे।

विज्ञापन

Siwan CRCC School Inspection : सीवान के सरकारी विद्यालयों में पढ़ाई की गुणवत्ता और शिक्षण व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए शिक्षा विभाग ने सीआरसीसी के स्कूल भ्रमण की व्यवस्था में बदलाव किया है. अब कॉम्प्लेक्स रिसोर्स सेंटर समन्वयक सप्ताह में दो दिन विद्यालयों का भ्रमण करेंगे. प्रत्येक माह कम से कम आठ विद्यालयों में जाकर 16 कक्षाओं का अवलोकन करना होगा. इस दौरान बच्चों की सहभागिता, शिक्षकों की शिक्षण पद्धति और सीखने के स्तर की भी जांच होगी.

आपके शहर में

विज्ञापन

सप्ताह में दो दिन स्कूल पहुंचेंगे सीआरसीसी

प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने सीआरसीसी के विद्यालय भ्रमण को लेकर नई व्यवस्था लागू की है. इसके तहत प्रत्येक सीआरसीसी को सप्ताह में दो दिन स्कूलों का भ्रमण करना अनिवार्य होगा. हर महीने कम से कम आठ विद्यालयों का भ्रमण कर वहां की 16 कक्षाओं का अवलोकन करना होगा. प्राथमिक शिक्षा निदेशक कुमार निशांत विवेक ने इस संबंध में निर्देश जारी किया है.

कक्षा में पहुंचकर देखेंगे पढ़ाई का तरीका

सीआरसीसी अब केवल कागजी रिकॉर्ड तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि सीधे कक्षा में पहुंचकर शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया का जायजा लेंगे. इस दौरान बच्चों की कक्षा में सहभागिता, शिक्षकों की शिक्षण पद्धति और पढ़ाई के वास्तविक स्तर को देखा जाएगा. निरीक्षण का उद्देश्य कक्षा में चल रही पढ़ाई की स्थिति को समझना और जरूरत के अनुसार सुधार कराना है.

जारी पत्र | Prabhat Khabar Network
जारी पत्र की तस्वीर

हर महीने 16 कक्षाओं का होगा अवलोकन

विद्यालय भ्रमण के दौरान सीआरसीसी कम से कम दो कक्षाओं का अवलोकन करेंगे. पहले दिन कक्षा एक-दो और तीन-चार में से एक-एक कक्षा तथा दूसरे दिन कक्षा पांच-छह और सात-आठ में से एक-एक कक्षा का चयन किया जाएगा. इस तरह प्रत्येक भ्रमण में दो कक्षाओं की पढ़ाई देखी जाएगी.

क्लासरूम ऑब्जर्वेशन टूल से होगी जांच

कक्षा अवलोकन के लिए राज्य स्तर पर विकसित क्लासरूम ऑब्जर्वेशन टूल यानी सीओटी का इस्तेमाल किया जाएगा. निरीक्षण के दौरान प्राप्त जानकारी और संबंधित प्रविष्टियां ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर दर्ज करनी होंगी. इससे विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था की निगरानी और उसका रिकॉर्ड रखने में मदद मिलेगी.

बच्चों के सीखने के स्तर का भी होगा आकलन

कक्षा अवलोकन के बाद सीआरसीसी चयनित बच्चों के सीखने के स्तर का संक्षिप्त आकलन भी करेंगे. इससे यह समझने में मदद मिलेगी कि कक्षा में पढ़ाई के बाद बच्चों ने कितना सीखा है. जरूरत के अनुसार शिक्षकों को बच्चों के सीखने में सुधार के लिए सुझाव भी दिए जाएंगे.

मौके पर शिक्षकों को मिलेगा अकादमिक मार्गदर्शन

निरीक्षण के दौरान सीआरसीसी संबंधित शिक्षकों को मौके पर ही रचनात्मक सुझाव और अकादमिक मार्गदर्शन देंगे. बच्चों की कॉपियों, मूल्यांकन अभिलेखों और पढ़ाई से जुड़े अन्य साक्ष्यों की भी समीक्षा की जाएगी. विभाग का उद्देश्य कमियों को चिन्हित कर मौके पर ही सुधार की दिशा में काम करना है.

शनिवार को सीआरसी में होगी अकादमिक बैठक

हर शनिवार को सीआरसी में सुबह 11 बजे से दोपहर एक बजे तक शिक्षकों की अकादमिक बैठक आयोजित की जाएगी. इसमें कक्षा स्तर के अनुसार शिक्षकों को शामिल किया जाएगा. बैठक में पढ़ाई से जुड़े विषयों पर विस्तार से चर्चा होगी.

कमजोर छात्रों पर रहेगा विशेष फोकस

अकादमिक बैठक में कमजोर छात्रों को बेहतर सहयोग देने के तरीकों पर चर्चा होगी. इसके अलावा पाठ योजना तैयार करने, प्रभावी शिक्षण विधियों और मूल्यांकन परिणामों की समीक्षा जैसे विषय भी बैठक के एजेंडे में शामिल होंगे. इसका उद्देश्य शिक्षकों को बेहतर अकादमिक सहयोग देना और बच्चों के सीखने के स्तर में सुधार करना है.


विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन